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रिम्स में अवैध रूप से इपीएफ कटौती का विरोध, निदेशक कार्यालय घेरेंगे अराजपत्रित कर्मचारी

Ranchi :  रिम्स के अराजपत्रित कर्मचारी मंगलवार को निदेशक कार्यालय का घेराव करेंगे. वे अवैध रूप से इपीएफ कटौती और 10 सालों से दैनिक वेतनमान और अनुबंध पर काम कर रहे कर्मियों को समायोजित करने की मांग कर रहे हैं. इसके अलावा रिम्स के अराजपत्रित कर्मचारियों का कहना है कि मंत्री के आदेश के बाद भी अवैध रूप से इपीएफ की कटौती हो रही है. मंत्री के कहने पर भी अब तक ईसीआर रिपोर्ट नहीं जमा की गयी है. बता दें कि अंतरराष्ट्रीय नर्सिंग दिवस के मौके पर स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने तत्काल प्रभाव से इपीएफ कटौती पर रोक लगाने का आदेश दिया था. मंगलवार को सभी कर्मी पहले अधीक्षक कार्यालय के पास जमा होंगे. उसके बाद निदेशक का घेराव करेंगे. इस दौरान अराजपत्रित कर्मियों द्वारा किये जाने वाले सभी कामकाज ठप रहेंगे.

सभी स्थायी कर्मियों का भी कट रहा है इपीएफ

अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के सदस्यों ने बताया कि रिम्स में सैकड़ों कर्मचारी ऐसे हैं, जिनका इपीएफ कट रहा है और वे स्थायी हैं. कर्मियों ने बताया कि इपीएफ कटने को अवैध इसलिए बता रहे हैं, क्योंकि उनका पहले से एनपीएस न्यू पेंशन स्कीम योजना के तहत पैसा कट रहा है. एक साथ दोनों नहीं कट सकता. उन्होंने बताया कि करीब चार साल से अवैध ढंग से रिम्स के कर्मियों का इपीएफ कट रहा है. बार- बार अनुरोध करने और पत्राचार  के बाद भी कटौती पर रोक नहीं लग रही है.

मांगें नहीं मानने पर आंदोलन करेंगे अराजपत्रित कर्मचारी

अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के सदस्यों ने बताया कि अगर उनकी मांगों पर तत्काल विचार नहीं किया गया, तो वे आंदोलन करेंगे. एक सप्ताह के अंदर आंदोलन के कार्यक्रम की रूपरेखा तय करेंगे. वहीं सदस्य ने बताया कि निदेशक कार्यालय में तालाबंदी करने पर भी विचार किया जा सकता है. इसके अलावा सदस्यों ने बताया कि करीब 100 की संख्या में ऐसे लोग हैं, जिनका समायोजन किया जाना है. जीबी में बातें आ जाने के बाद भी अब तक समायोजन पर भी विचार नहीं किया गया है. इसे भी पढ़ें – जेएमएम">https://lagatar.in/when-jmm-fielded-candidate-there-was-a-stir-in-congress-rajesh-thakur-said-there-is-a-contradiction-in-the-talk-of-delhi-and-todays-decision/">जेएमएम

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