Ramgarh: डीएवी बरकाकाना में स्वामी दयानंद की 200 वीं जयंती के अवसर पर विशेष हवन किया गया. इसके बाद उनके जीवन से संबंधित प्रकरण को जीवंत प्रस्तुति दी गई. स्वामी दयानंद आर्य समाज के संस्थापक के रूप में जाने जाते हैं. उन्होंने वैदिक ज्ञान को पुनः एक बार प्रकाशित करने का कार्य किया था. स्वामी दयानंद एक ओर रूढ़ियों के खिलाफ थे, तो दूसरी ओर कृणवन्तों विश्वमार्यम् के पक्षधर थे. इस अवसर पर वर्ग एलकेजी से द्वितीय तक के बच्चों ने नयानगर बरकाकाना काॅलोनी में प्रभात फेरी में भाग लिया. इससे पूर्व एलकेजी से षष्ठम तक के बच्चों ने सामूहिक हवन में भाग लिया. बच्चों का उत्साह चरम पर था. बच्चे स्वामी दयानंद की जय की गीत को पूरी तन्मयता के साथ गा रहे थे. उन्होंने जयघोष पूरी बुलंदी के साथ लगाए. उनकी ध्वनी से नयानगर बरकाकाना काॅलोनी का वातावरण गुंजायमान हो उठा. इस अवसर पर पूरे विद्यालय को विशेष रूप से सजाया गया था. इसे भी पढ़ें-हेमंत">https://lagatar.in/hemant-is-being-kept-inhumanely-agitation-since-16-supriyo-bhattacharya/">हेमंत
को अमानवीय तरीके से रखा जा रहा, 16 से आंदोलन : सुप्रियो भट्टाचार्य [wpse_comments_template]
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