Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

Ranchi : आदिवासियत पर हमलों के खिलाफ साझा संघर्ष का ऐलान, विभिन्न संगठनों ने किया संवाद

Ranchi : राज्य के विभिन्न जिलों से आए आदिवासी एवं झारखंडी संगठनों के प्रतिनिधियों ने सोमवार को पुराना विधानसभा परिसर में आदिवासियत संरक्षण संवाद  का आयोजन किया. कार्यक्रम में वक्ताओं ने आदिवासी संस्कृति, पहचान और अधिकारों पर हो रहे सांस्कृतिक, सामाजिक, राजनीतिक एवं आर्थिक हमलों के खिलाफ दीर्घकालीन साझा संघर्ष चलाने की घोषणा की है.

 

वक्ताओं ने कहा कि हाल के वर्षों में आदिवासी समुदाय की स्वतंत्र सांस्कृतिक पहचान को समाप्त करने के प्रयास तेज हुए हैं. उनका आरोप है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और उससे जुड़े कुछ संगठन आदिवासी समाज की अलग पहचान को कमजोर करने का प्रयास कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि सरना धर्म को औपचारिक मान्यता और जनगणना में अलग धर्म कोड की लंबे समय से चली आ रही मांग को भी पर्याप्त समर्थन नहीं मिल रहा है.

 

संवाद में कहा गया कि आदिवासी समाज की एकजुटता और स्वतंत्र अस्तित्व को बनाए रखने के लिए विभिन्न सामाजिक संगठनों को मिलकर काम करना होगा. वक्ताओं ने आदिवासी अधिकारों, संस्कृति और संवैधानिक संरक्षण के मुद्दों पर व्यापक जनजागरण अभियान चलाने का आह्वान किया है.

 

कार्यक्रम में बहादुर उरांव, बिंदु सोरेन, बहा लिंडा, चंद्र प्रभात मुंडा, दयामनी बरला, देवकी नंदन बेदिया, दामु मुंडा, ज्योति कुजूर, कुमार चंद्र मार्डी, प्रकाश पूर्ति, प्रकाश टोप्पो, रजनी मुर्मू, रेनू उरांव, रोज खाखा, सिद्धेश्वर सरदार, सुशीला बोदरा, सुषमा बिरूली और श्यामल मार्डी सहित कई वक्ताओं ने अपने विचार रखे. कार्यक्रम का संचालन बासींग हस्सा, डेमका सोय, एलिना होरो, रमेश जेराई, सुखनाथ लोहरा और साधु हो ने किया.

 

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही