- ग्लव्स और झाड़ू तक नहीं मिलने का आरोप
- बीमार पड़ने पर वेतन काटने और काम से हटाने की धमकी देने का आरोप
- प्रदर्शन के लिए आ रहे लोगों को ओवरब्रिज से कार में बैठाकर ले जाने का आरोप
Ranchi : नगर निगम के सैकड़ों सफाईकर्मियों ने मासिक वेतन 18 हजार रुपए करने और बोनस देने की मांग को लेकर जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम के सामने प्रदर्शन किया. प्रदर्शन में शामिल सफाईकर्मियों ने नगर निगम प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाया.
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि शहर की सफाई करने वाले कर्मियों को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई जा रही है. नगर निगम को कई बार लिखित आवेदन दिया गया. इसके बावजूद उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है.
सफाईकर्मियों ने बताया कि शहर को चार जोन में बांटकर सफाई कराई जा रही है. नगर निगम क्षेत्र की सफाई के लिए कर्मियों को केवल एक ड्रेस देकर काम पर भेज दिया जाता है. सड़क और नालियों की सफाई के दौरान उन्हें ग्लव्स तक नहीं दिए जाते. कई बार झाड़ू भी उपलब्ध नहीं कराई जाती, जिसके कारण कर्मियों को अपने पैसे से झाड़ू खरीदकर सफाई करनी पड़ती है.
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बीमार पड़ने पर वेतन काटने और नौकरी से हटाने की धमकी
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि सफाई के दौरान तबीयत खराब होने पर सुपरवाइजर वेतन काट लेते हैं. साथ ही काम से निकालने की धमकी भी दी जाती है. सफाईकर्मियों ने कहा कि शहर की साफ-सफाई की जिम्मेदारी निभाने के बावजूद उन्हें जरूरी सुविधाएं और सम्मान नहीं मिल रहा है.
कर्मियों ने बताया कि नगर निगम क्षेत्र में करीब 2 हजार सफाईकर्मी कार्यरत हैं. इनमें लगभग 500 कर्मी कचरा उठाव का काम करते हैं. इसके बावजूद सफाई के लिए जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए जाते हैं.
एसआई कार्ड बनने के बाद भी नहीं मिल रहा लाभ
सफाईकर्मियों ने बताया कि बीमार पड़ने की स्थिति में इलाज की सुविधा के लिए उनका एसआई कार्ड बनाया गया है, लेकिन उन्हें इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है. वहीं, पर्व-त्योहारों पर अन्य कर्मियों को बोनस दिया जाता है. लेकिन उन्हें अब तक बोनस नहीं मिला है. इस संबंध में कई बार अधिकारियों को लिखित आवेदन दिया गया, लेकिन उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई.
ओवरब्रिज से मुख्य कार्यकर्ताओं को ले जाने का आरोप
प्रदर्शन में शामिल सफाईकर्मियों ने आरोप लगाया कि हड़ताल में सभी वार्डों के कर्मी शामिल हो रहे थे. इसी दौरान मुख्य कार्यकर्ताओं को बहुबाजार ओवरब्रिज के पास से एक कार में बैठाकर दूसरी जगह ले जाया गया और बाद में छोड़ दिया गया. प्रदर्शनकारियों ने इसे आंदोलन को प्रभावित करने की कोशिश बताया.
सफाईकर्मियों ने मांग की कि उनका मासिक वेतन 18 हजार रुपए किया जाए, बोनस दिया जाए और सफाई के लिए जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए जाएं. साथ ही बीमार पड़ने पर वेतन काटने और काम से हटाने की धमकी देने जैसी समस्याओं पर भी रोक लगाई जाए.
मौके पर अध्यक्ष भवन सिंह, कार्यकारी अध्यक्ष एसके राय, प्रतीक मिश्रा, प्रकाश टोप्पो, सचिव प्रफुल लिंडा, सुखनाथ लोहरा समेत अन्य शामिल थे. (रांची की लेटेस्ट खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें...)

