Ranchi : झारखंड में प्रकृतिक पर्व सरहुल धूमधाम से मनाया जा रहा है. मोरहाबादी स्थित हातमा सरना स्थल में सरहुल पूजा परंपरागत रीति रिवाज के साथ पूरी हुई. मुख्य पाहन जगलाल ने विधि-विधान के साथ सरहुल पूजा की. सरहुल पूजा में पांच मुर्गी की बलि दी गयी. सफेद मुर्गी दुनिया के रचयिता कर्ता के लिये, रंगुवा मुर्गी ग्राम देवता, माला मुर्गी नदी तलाब, रंगली मुर्गी पूर्वजों और काली मुर्गी बुरी आत्मा की शांति के लिए दिया गया.
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सरनेम मामला : सुशील मोदी ने सूरत कोर्ट के फैसले का किया स्वागत, कहा- जा सकती है राहुल गांधी की सदस्यता) 2 बजे के बाद निकाली जायेगी शोभायात्रा
पूजा के बाद कल शाम को घड़े में रखे पानी की दिशा देखकर भविष्यवाणी की. मुख्य पाहन ने बताया कि पानी से भरा घड़ा दक्षिण दिशा में झुका हुआ मिला. इसका मतलब है कि इस साल अच्छी बारिश होगी. हातमा सरना स्थल के अलावा रांची के सभी सरना स्थलों में सरहुल की पूजा हो रही है. 2 बजे के बाद शोभायात्रा निकाली जायेगी. जो विभिन्न स्थानों से निकलकर मेन रोड होते हुए मुख्य सरना स्थल सीरम टोली जायेगी.

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