: कड़ाके की ठंड से राहत नहीं, पटना के सभी स्कूल 14 जनवरी तक बंद )
सुरक्षा मापदंड के हिसाब से राज्य में पुलिसकर्मी कम
सुरक्षा मापदंड के अनुसार, झारखंड में बहुत कम संख्या में पुलिस बल पदस्थापित हैं. इस मापदंड के अनुसार, 694 व्यक्तियों पर एक पुलिस कर्मी होने चाहिए. वहीं यूएनओ के अनुसार, 450 व्यक्तियों पर एक पुलिस जवान को तैनात करना है. लेकिन झारखंड में 806 लोगों पर एक पुलिस जवान तैनात है. इसे भी पढ़ें : पूर्व">https://lagatar.in/garhwa-many-bjp-leaders-including-girinath-singh-paid-tribute-on-the-death-of-former-health-minister-hemendra-pratap-dehati/">पूर्वस्वास्थ्य मंत्री हेमेंद्र प्रताप देहाती के निधन पर गिरिनाथ सिंह सहित बीजेपी के कई नेताओं ने दी श्रद्धांजलि
जानें किस राज्य में एक पुलिसकर्मी के भरोसे कितने लोगों की सुरक्षा है
झारखंड में 806, आंध्रप्रदेश में 1034, बिहार में 1548, छत्तीसगढ़ में 758, गुजरात में 1048, हरियाणा में 657, कर्नाटक में 915, केरल में 773, मध्यप्रदेश में 1167, महाराष्ट्र में 626, ओडिशा में 1211, पंजाब में 462, राजस्थान में 975, तमिलनाडु में 770 , तेलंगाना में 909, उत्तर प्रदेश में 1094, पश्चिम बंगाल में 1284, उत्तराखंड में 696, अरुणाचल प्रदेश में 238, गोवा में 263, हिमाचल प्रदेश में 632, मेघालय में 416, मिजोरम में 349, सिक्किम में 270 ,त्रिपुरा में 413, असम में 1243, जम्मू कश्मीर में 275, मणिपुर में 202 और नागालैंड में 235 व्यक्तियों पर एक पुलिसकर्मी तैनात हैं. वहीं केंद्र शासित प्रदेश दिल्ली में 278, दमन एंड निकोबार द्वीप में 118, चंडीगढ़ में 197, दादर नगर हवेली में 1759, दमन एंड द्वीप में 998, लक्षद्वीप में 255 और पुडुचेरी में 772 व्यक्तियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी एक पुलिसकर्मी पर है. इसे भी पढ़ें : प्रशांत">https://lagatar.in/prashant-kishor-taunts-rahul-gandhi-is-a-very-big-man-there-is-no-comparison-of-my-journey-with-bharat-jodo-yatra/">प्रशांतकिशोर ने तंज कसा, राहुल गांधी बहुत बड़े आदमी हैं, भारत जोड़ो यात्रा से मेरी यात्रा की कोई तुलना नहीं
वीआईपी स्कॉट ड्यूटी से परेशान रहते हैं पुलिस पदाधिकारी और कर्मी
पुलिस पदाधिकारी और कर्मियों को स्काॅट ड्यूटी करना होता है. जिससे विभिन्न मामलों का अनुसंधान प्रभावित होता है. साथ ही आम लोगों की समस्याओं पर पुलिस संज्ञान नहीं ले पाती है. पुलिस अधिकारियों की मानें तो स्कॉट ड्यूटी के कारण वे आम लोगों की समस्याओं का समाधान नहीं कर पाते हैं. इसे भी पढ़ें : जम्मू-कश्मीर">https://lagatar.in/jammu-and-kashmir-big-success-for-security-forces-in-balakot-two-terrorists-killed-search-operation-continues/">जम्मू-कश्मीर: बालाकोट में सुरक्षाबलों को बड़ी सफलता, दो आतंकी ढेर, सर्च ऑपरेशन जारी [wpse_comments_template]

Leave a Comment