Seraikela (Bhagya Sagar Singh) : जिले में विगत कुछ दिनों से नियमित जारी जांच के क्रम में यदा-कदा कोरोना संक्रमित निकल रहे हैं, भले ही इनकी संख्या नगण्य
हो. जिले में कल तक कोरोना के 17 एक्टिव मामले
थे. प्रतिदिन उपायुक्त द्वारा जिले के आम जनता से एहतियात बरतने की निरंतर अपील की जा रही
है. उनके द्वारा कहा जा रहा है कि कोरोना से सुरक्षा हेतु एहतियात बरतें एवं सर्दी, बुखार, पेट दर्द इत्यादि की शिकायत होने पर
तुरन्त नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या उपकेंद्र में जांच करवायें ताकि चिकित्सकों के निगरानी में कोरोना संक्रमित पाए जाने पर उपचार किया जा सके एवं संक्रमण को बढ़ने से रोका जा सके.
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पोटका के कावराडीह गांव में जहर खिलाए जाने से तीन बकरियों की मौत वैक्सीन से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, पूर्ण रूप से सुरक्षा नहीं
दूसरी ओर अधिकांश लोगों में यह विश्वास घर कर गया है कि वैक्सीन लेने के बाद कोरोना से वे पूर्ण रूप से सुरक्षित
हैं. जो बिल्कुल गलत
है. वैक्सीन से रोग प्रतिरोधक क्षमता जरूर बढ़ती है लेकिन कोरोना से पूर्ण रूप से सुरक्षा नहीं मिलती
है. सरायकेला न्यायालय परिसर पर बिना मास्क के प्रवेश अभी तक वर्जित
है. कुछ प्रशासनिक अधिकारियों के कार्यालय में भी प्रवेश हेतु मास्क की अनिवार्यता है, जबकि अन्य संस्थानों, भीड़ वाले स्थानों, स्थानीय बैंकों में कभी कभार ही मास्क लगाए या गले में लटकाए एक दो लोग या बैंक कर्मी नजर आते
हैं. बैंकों में विभिन्न क्षेत्र के लोगों का आवागमन होता
है. पूर्व की तरह गेट पर रखे
सैनिटाइजर का उपयोग या मास्क अब नहीं के बराबर हो रहा
है. रही दो गज शारीरिक दूरी की बात वो स्लोगन भी अब लोगों के जेहन से निकल चुका
है. [wpse_comments_template]
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