Seraikela : उत्कल सम्मेलनी के सरायकेला प्रखंड अध्यक्ष सुदीप पट्टनायक के नेतृत्व में सम्मेलनी के सदस्यों द्वारा प्रत्येक ओड़िया भाषा भाषी के घरों के बाहर ओड़िया में नाम लिखने के लिए प्रेरित किया गया. इसकी शुरुवात उत्कल सम्मेलनी द्वारा मंगलवार से कर दी गई है. सुदीप पट्टनायक ने कहा कि भाषा संस्कृति ही हमारी पहचान है. इसे बचाने के लिए सामूहिक प्रयास की आवश्यकता है. इसे भी पढ़ें : बोकारो">https://lagatar.in/the-effect-of-the-bandh-was-visible-in-bokaro-for-the-second-day-as-well-business-was-disrupted-due-to-the-closure-of-the-bank/">बोकारो
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बच्चे अपनी मातृ भाषा को भूलते जा रहै हैं - सुदीप पट्टनायक
उन्होंने कहा कि सरायकेला-खरसावां जिले के कई स्कूलों में ओड़िया भाषा की पढ़ाई होती थी. लेकिन एक साजिश के तहत आज उन सभी स्कूलों में पढ़ाई बंद हो गई है. नतीजन भाषा भाषी बच्चे अपनी मातृ भाषा को भूलते जा रहै हैं. इस तरह के प्रयास से भाषा संस्कृति को बचाया जा सकता है. मौके पर काशी कर, राजा ज्योतिषी सहित कई ओड़िया भाषा भाषी उपस्थित थे. इसे भी पढ़ें : MBA">https://lagatar.in/mba-degree-controversy-eci-in-hc-said-clean-chit-has-been-given-to-nishikant/">MBAडिग्री विवाद : HC में ECI ने कहा, निशिकांत को दे चुके हैं क्लिनचिट, सरकार ने कहा- पुलिस को है जांच का अधिकार [wpdiscuz-feedback id="qe8ewvb379" question="Please leave a feedback on this" opened="1"][/wpdiscuz-feedback]
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