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दिल्ली के वायु प्रदूषण में मामूली गिरावट, 275 दर्ज किया गया औसत AQI

NewDelhi :  राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) में मंगलवार को गिरावट देखने को मिली है. केंद्रीय प्रदूषण एवं नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के मुताबिक, आज सुबह 6 बजकर 15 मिनट तक यहां औसत एक्यूआई 275 दर्ज किया गया है. यह पिछली कई दिनों की तुलना में कम है, लेकिन अभी भी खराब श्रेणी में बना हुआ है. वहीं फरीदाबाद में 180, गुरुग्राम में 232, गाजियाबाद में 227, ग्रेटर नोएडा में 219 और नोएडा में 226 एक्यूआई दर्ज किया गया है. धूल प्रदूषण को कम करने के लिए राष्ट्रीय राजधानी के कुछ हिस्सों में पीडब्लूडी वाहन पानी का छिड़काव कर रहे हैं. https://twitter.com/AHindinews/status/1851078319682523604

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11 इलाकों में एक्यूआई लेवल 300-400 के बीच

राजधानी दिल्ली के 11 इलाकों में एक्यूआई लेवल 300 से ऊपर 400 के बीच में बना हुआ है. CPCB के मुताबिक, अलीपुर में 306, आनंद विहार में 314, आया नगर में 313, बवाना में 324, जहांगीरपुरी में 306, मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में 305, मुंडका में 338, नरेला में 313, सोनिया विहार में 313, विवेक विहार में 310 और वजीरपुर में 309 एक्यूआई रहा.

सोमवार की तुलना में आज वायु गुणवत्ता में आया सुधार

बता दें कि पिछले कुछ दिनों से दिल्ली की एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) लगातार बढ़ रही थी. लेकिन आज मंगलवार को इसमें मामूली गिरावट दर्ज की गयी है. एक दिन पहले सोमवार को सुबह 7.30 बजे वायु की गुणवत्ता औसतन 328 दर्ज किया गया था. दिल्ली के अधिकतर इलाकों में एक्यूआई लेवल 300 से 400 के बीच दर्ज किया गया था. इसमें अलीपुर में 335, आनंद विहार में 357, अशोक विहार में 361, आया नगर में 336, बवाना में 367, बुराड़ी क्रॉसिंग में 362, डॉ करणी सिंह शूटिंग रेंज में 334, द्वारका सेक्टर 8 में 331, आईजीआई एयरपोर्ट में 316, आईटीओ में 326, जहांगीरपुरी में 366, लोधी रोड में 307 और मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में 348 एक्यूआई दर्ज किया गया था.

वायु की गुणवत्ता खराब होने से सांस लेने में होती है दिक्कत

बता दें कि शून्य से 50 के बीच AQI अच्छा, 51 से 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 से 200 के बीच ‘मध्यम’, 201 से 300 के बीच ‘खराब’, 301 से 400 के बीच ‘बहुत खराब’ और 401 से 500 के बीच AQI ‘गंभीर’ माना जाता है. वायु प्रदूषण बढ़ने से लोगों का स्वास्थ्य प्रभावित होता है. वहीं मरीजों को और भी ज्यादा परेशानियों का सामना करना पड़ता है. वायु की गुणवत्ता के कारण लोगों को सांस लेने में दिक्कत होती है. एयर क्वालिटी इंडेक्स 100 से अधिक होने पर फेफड़ों, अस्थमा और हृदय रोगों जैसी बीमारी होने की आशंका बढ़ जाती है.

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