Ranchi : रिम्स के सीटीवीएस विभाग ने साल के पहले सप्ताह में एरोटिक डिसेक्शन जैसी जटिल सर्जरी कर मरीज की जान बचाई है. इस सफल ऑपरेशन के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने ट्वीट कर रिम्स प्रबंधन को बधाई दी है. यह ऑपरेशन सीटीवीएस विभाग के विभागध्यक्ष डॉ. विनीत महाजन की टीम के द्वारा किया गया. इस तरह कि सर्जरी रिम्स में पहली बार की गयी है. धनबाद से रौशन (बदला हुआ नाम) दिसंबर महीने में रिम्स पहुंचे थे. जांच के बाद पता चला कि उनके हृदय की महाधमनी के कई भाग से फट गये हैं. इस स्थिति को एरोटिक डिसेक्शन कहा जाता है. इसमें मरीज की जान जाने का खतरा बढ़ जाता है. डॉ. विनीत महाजन ने स्थिति को देखते हुए मरीज को सर्जरी का सुझाव दिया और उसे इस सर्जरी के लिए तैयार किया. इस सर्जरी में मरीज़ के ह्रदय के महाधमनी को कृत्रिम पाइप से बदलना होता है, जिसके लिए शरीर के रक्त प्रवाह को 40 मिनट के लिए पूरी तरफ से बंद किया जाता है. इस दौरान शरीर का तापमान 20 डिग्री सेल्सियस तक कम किया जाता है. जिसमें ऑपरेशन के दौरान काफी मुश्किल आती है. इस तरह की सर्जरी में 50% मौत होने का खतरा रहता है. लेकिन डॉ. विनीत महाजन की टीम और एनस्थिसिया विभाग से डॉ. शिवप्रिय की टीम के संयुक्त प्रयास से इस मरीज़ का सफल ऑपरेशन किया गया. निजी अस्पताल में इस तरह की सर्जरी का खर्च 10 से 15 लाख तक आता है. जो रिम्स में आयुष्मान भारत योजना के तहत मुफ्त में किया गया. मरीज़ अब पूरी तरह से स्वस्थ है. इसे भी पढ़ें : हजारीबाग">https://lagatar.in/hazaribagh-station-diary-was-not-found-in-the-police-station-during-the-surprise-inspection-of-dig-sunil-bhaskar-sp-said-action-will-be-taken/">हजारीबाग
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