Ranchi News: कांग्रेस नेता एमडी. तौसीफ ने SIR प्रक्रिया को लेकर भारतीय जनता पार्टी और चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग आरएसएस के झोले में फॉर्म-6 और फॉर्म-7 लेकर BLO के पास जा रहे थे और उनसे जबरन हस्ताक्षर करवाने की कोशिश की गई. उन्होंने कहा कि फॉर्म-7 का इस्तेमाल किसी मतदाता का नाम मतदाता सूची से हटाने के लिए किया जाता है.
एमडी. तौसीफ ने आरोप लगाया कि SIR वाले क्षेत्रों में इस तरह की गतिविधियां की गईं और अब इसकी सच्चाई सामने आ गई है. उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर वोटों की चोरी करवाने का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने, पद से हटाने और देशद्रोह का मुकदमा चलाने की मांग की.
उन्होंने आरोप लगाया कि SIR की आड़ में उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों में भाजपा की सरकारें बनवाई गईं. हालांकि ये आरोप उनके राजनीतिक बयान का हिस्सा हैं.
तौसीफ ने राहुल गांधी द्वारा करीब एक साल पहले उठाए गए वोट चोरी के मुद्दे का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने उस समय मीडिया के माध्यम से तथ्यों के साथ अपनी बात रखी थी. उन्होंने इंडियन एक्सप्रेस के एक पत्रकार का भी जिक्र करते हुए कहा कि पत्रकार ने साहस दिखाते हुए चुनाव आयोग से जुड़ी बातों को सामने रखा.
उन्होंने कहा कि इन घटनाओं के बाद लोगों को समझ में आया कि चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर सवाल क्यों उठाए जा रहे हैं. तौसीफ ने आरोप लगाया कि ज्ञानेश कुमार लोकतंत्र को कमजोर कर रहे हैं और नरेंद्र मोदी तथा अमित शाह के कहने पर काम कर रहे हैं.
आदित्य साहू के बयान पर भी साधा निशाना
आदित्य साहू के हालिया प्रेस कॉन्फ्रेंस के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए एमडी. तौसीफ ने कहा कि अब दुनिया डिजिटल हो चुकी है. उन्होंने कहा कि किसी एक जगह कही गई बात दूसरे देशों तक भी तुरंत पहुंच जाती है. इसलिए यह कहना सही नहीं है कि राहुल गांधी की बात केवल भारत तक सीमित रहती है.
तौसीफ ने कहा कि राहुल गांधी ने एक साल पहले भाजपा और नरेंद्र मोदी पर सवाल उठाते हुए "चौकीदार चोर है" का नारा दिया था. उन्होंने कहा कि उस समय भी राहुल गांधी के बयान पर सवाल उठाए गए थे, लेकिन उनके अनुसार वोट चोरी को लेकर लगाए गए आरोप अब सामने आ रहे तथ्यों से साबित हुए हैं.
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी किसी मुद्दे पर बोलने से पहले रिसर्च करते हैं और तथ्यों के आधार पर अपनी बात रखते हैं. तौसीफ ने एक बार फिर ज्ञानेश कुमार के खिलाफ एफआईआर, गिरफ्तारी और तत्काल पदमुक्त करने की मांग दोहराई.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.