Search

बच्चों के मुश्कान से ही दुनिया की मुश्कान कायम है :अविनाशदेव

Palamu :  बच्चे क्या होते हैं कोई निःसन्तान दंपती से मिलें. हर मां-बाप का सपना होता है मेरा औलाद ता -उम्र मुस्कुराता रहे. बच्चे के खुशी के लिए मां -बाप वो हर बेशकीमती चीज लूटा देते हैं, जिसे वे बेइंतहा मोहबत झरते हैं. धरती के सभी जीवधारी प्राणी अपने बच्चे की  हिफ़ाजत में अपनी जान के बाजी लगा देता है. सभी प्राणियों में विवेकशील प्राणी मानव जिसकी मां न जाने कितने तरह के ब्रत रख दीर्घायु, खुशी, सुख समृद्धि के लिए जुगत करती, जिसको शब्द में बयां करना मुश्किल कार्य है. इसे भी पढें - अब">https://lagatar.in/now-special-trains-stopped-fare-reduced-railways-gave-relief-to-passengers/">अब

स्पेशल ट्रेनें बंद, किराया हुआ कम, रेलवे ने यात्रियों को दी राहत
माँ बाप के वो हर भावनानुकूल संत मरियम विद्यालय परिवार बच्चों के परवरिश का नायाब कोशिश करता है जिसे विश्वास का ग्राफ ऊपर उठ सके और बच्चों में संस्कार अनुशासन, ब्यवहार कुशलता के बल पर शिक्षा से सपना साकार होने का रास्ता प्रशस्त हो. विद्यालय के चेयरमैन सह झारखण्ड माटीकला बोर्ड झारखंड सरकार के सदस्य होने के नाते वह हर प्रयास है जिसे बच्चों को पारिवारिक वातावरण में सींचते पालते दुनिया का थिंक टैंक बनाऊं, जिसे भारत बौद्धिक विस्फोट करे और दुनिया से नोबेल भारत आये. भारत मां का मष्तक ऊंचा और परचम विश्व के मानचित्र लहरे. बच्चों के मुश्कान से ही भारत बनेगा महान. [wpse_comments_template

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp