Jerusalem : हिजबुल्लाह ने ड्रोन से हमला कर इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के घर को निशाना बनाने को कोशिश की था. हालांकि जिस वक्त हमला हुआ, उस समय नेतन्याहू और उनकी पत्नी सारा घर पर नहीं थे. बेंजामिन नेतन्याहू ने इसे हिजबुल्लाह की एक `गंभीर गलती` बतायी है. इजरायली प्रधानमंत्री ने कहा कि जो कोई भी इजरायल के नागरिकों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करेगा, उसे `भारी कीमत` चुकानी पड़ेगी. हम आतंकवादियों और उन्हें भेजने वालों का सफाया करना जारी रखेंगे. हम गाजा से अपने बंधकों को और उत्तरी सीमा पर रहने वाले अपने नागरिकों को सुरक्षित रूप से उनके घरों में वापस लायेंगे. नेतन्याहू ने कहा कि इजरायल `हमारे सभी युद्ध उद्देश्यों को प्राप्त करने और आने वाली पीढ़ियों के लिए हमारे क्षेत्र में सुरक्षा वास्तविकता को बदलने` के लिए दृढ़ संकल्प है.
इजरायली PM के निजी आवास पर ड्रोन से हमला, घर पर नहीं थे नेतन्याहू
बता दें कि हिजबुल्लाह ने इजरायल पर ड्रोन से हमला किया था. इस ड्रोन के जरिये इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के घर को निशाना बनाया था. प्रधानमंत्री कार्यालय ने इस बात की पुष्टि की है. पीएमओ ऑफिस ने बताया था कि शनिवार को लेबनान की तरफ से आये एक ड्रोन ने कथित तौर पर उत्तरी तटीय शहर कैसरिया में नेतन्याहू के घर को निशाना बनाया. प्रधानमंत्री नेतन्याहू और उनकी पत्नी सारा हमले के समय घर पर नहीं थे और इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ.
7 अक्टूबर से शुरू हुआ था इजराइल और हमास के बीच युद्ध
बता दें कि हमास ने सात अक्टूबर को इजराइल पर हमला किया था, जिसमें करीब 1,200 लोगों की मौत हो गयी थी. वहीं हमास ने 200 से अधिक लोगों को बंधक बना लिया था. इसके बाद इजराइल ने हमास के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की थी. बाद में सीजफायर की शर्त पर 140 इजरायली नागरिकों को रिहा कर दिया था. तब से इजरायल ने गाजा पट्टी को घेर लिया और इसका अधिकांश भाग बर्बाद कर दिया है. इस दौरान करीब 38000 फलस्तीनी मारे गये.ऐसा माना जा रहा है कि बंधकों में से लगभग 110 लोग अब भी गाजा में हैं, जबकि इजराइली अधिकारियों का कहना है कि उनमें से लगभग एक-तिहाई की मौत हो चुकी है. गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इजराइल के जवाबी हमलों ने 40,000 से अधिक फलस्तीनी मारे गये हैं. गाजा के 23 लाख से अधिक निवासियों में से अधिकतर विस्थापित हो चुके हैं और वहां भारी मानवीय तबाही मची है.
सात अक्टूबर को हिजबुल्ला ने भी इजराइल पर हमला करना किया था शुरू
बता दें कि ईरान समर्थित हिजबुल्ला ने हमास के सात अक्टूबर को किये हमले के बाद से ही इजराइल पर हमला करना शुरू कर दिया था. तब से इजराइल और हिजबुल्ला के बीच लगभग हर रोज गोलीबारी होती है. व्हाइट हाउस के दूत एमोस होचस्टीन ने तनाव कम करने के लिए कई बार इजराइल और लेबनान के अधिकारियों से मुलाकात की थी. बावजूद इजराइल और हिजबुल्ला ने के बीच लड़ाई खत्म नहीं हुई. हमास के हमलों में करीब 1200 लोग मारे गये थे और 250 से अधिक लोगों को बंदी बना लिया गया था. इनमें से 101 बंधक अभी लापता हैं, जिनके बारे में माना जाता है कि वो गाजा में मौजूद हैं. इस हमले के बाद इजरायल ने हमास के खिलाफ युद्ध का ऐलान कर दिया और फिलिस्तीनी ग्रुप के कब्जे वाली गाजा पट्टी पर हमले शुरू कर दिये. रिपोर्ट के मुताबिक 7 अक्टूबर 2023 से अब तक गाजा में इजरायली हमलों में कम से कम 42,500 लोग मारे गये हैं. जबकि 99,546 लोग घायल हुए हैं.
Leave a Comment