आर्थिक रूप से आरक्षण देने की उठ रही है मांग, हजारीबाग में 12 सितंबर को उपवास || livelagatar news ||
आरक्षण में बदलाव को लेकर पूरे देश भर में आवाज उठने लगा है .हजारीबाग में स्वर्ण एकता समाज की ओर से सरकार से मांग की गई है कि आरक्षण में बदलाव लाए. आरक्षण जातिगत ना होकर आर्थिक रूप से हो. वैसे व्यक्ति जो आर्थिक रूप से संपन्न नहीं है और गरीब है उन्हें सरकार आरक्षण दे. ताकि वे मुख्य धारा में जुड़ सके.
इन दिनों पूरे देश भर में आरक्षण को लेकर आवाज उठ रहा है. स्वर्ण समाज के लोग सरकार से मांग कर रहे हैं कि आरक्षण में बदलाव आना चाहिए. समाज का कहना है कि आरक्षण जातिगत ना होकर आर्थिक रूप से होना चाहिए. सरकार को आरक्षण के नियम में बदलाव लाने की आवश्यकता है.आरक्षण जब देना शुरू किया गया था तब की स्थिति कुछ और थी. अब कई ऐसे समाज में लोग हैं जो आरक्षण का लाभ ले रहे हैं और वह क्रीमी लेयर के अंग है. जिन्हें आरक्षण की आवश्यकता है उन्हें लाभ नहीं मिल पता है. इस कारण आरक्षण में सरकार बदलाव लाए और आर्थिक रूप से आरक्षण देने की शुरुआत करें.
स्वर्ण समाज एकता मंच के बप्पी करण ने बताया 12 सितंबर को उपायुक्त कार्यालय के समक्ष धरना स्थल पर में एकदिवसीय उपवास रखा जाएगा. जिसमें विभिन्न समाज के लोग भारी संख्या में एकजुट होंगे. एक दिवसीय उपवास कार्यक्रम के बाद चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा. सरकार से मांग किया जाएगा कि आरक्षण नीति में परिवर्तन लाया जाए .
डॉ प्रभात कुमार प्रधान ने बताया समाज आरक्षण के खिलाफ नहीं है. आरक्षण आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को मिलना चाहिए चाहिए .वह किसी भी समाज का अंग हो. तभी देश विश्व गुरु बन पाएगा. आरक्षण जातिगत होने के कारण कई ऐसे गरीब तबके के लोग हैं वे मुख्य धारा से नहीं जुड़ पा रहे हैं. इस कारण सरकार को आरक्षण के प्रावधान पर विचार बनाना चाहिए. सरकार जब तक आरक्षण के प्रावधान में परिवर्तन नहीं लेगी आंदोलन जारी रहेगा l