आदिवासियों की जमीन पर बसे रांची के अशोक नगर में रेल डीआईजी आलोक प्रियदर्शी को ‘मुसलमानों’ से परहेज!
आदिवासी जमीन पर बसे रांची के अशोक नगर में रेल डीआईजी आलोक प्रियदर्शी को ‘ मुसलमानों’ से परहेज! रेल डीआईजी आलोक प्रियदर्शी को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की खबरें दिखलायी जा रही है, आलोक प्रियदर्शी अशोक नगर के मकान नंबर 44/C में सपरिवार रहते हैं, उनका कहना है कि उनके साथ प्रतिनियुक्त अंगरक्षक और पुलिसकर्मी भी सरकारी हथियार और गोलियों के साथ रहते हैं. बाहरी लोगों के आवागमन के कारण अंगरक्षक और पुलिसकर्मी खुद को असुरक्षित महसूस करते हैं. उन्होंने सोसाइटी प्रबंधन से सुरक्षा के दृष्टिकोण से मकान नंबर 44/C और 34/C के बीच चहारदीवारी का निर्माण प्राथमिकता के आधार पर कराने का अनुरोध किया है.
आलोक प्रियदर्शी के ठीक बगल में पत्रकार सैयद शरीफ इब्राहिम का भी निवास है, उनका दावा है कि 1960 से उनका परिवार इस आवास में रहता रहा है, लेकिन आज तक कभी विवाद नहीं हुआ, लेकिन जबसे आलोक प्रियदर्शी ने आवास खरीदा है, तब से उनके आवास तक पहुंचने वालों को रोका जा रहा है, सोशल मीडिया में एक वीडियो भी वायरल हो रहा है, जिसमें यह दावा किया जा रहा है कि आलोक प्रियदर्शी का कहना है यह हिन्दूओं की कॉलनी है, इस कॉलिनी में मुस्लिमों को रहने की अनुमति नहीं दी जा सकती