Ranchi : कौन है जेल में बंद अपराधी अमन साहू गैंग का सुनील मीणा, जिसको गिरफ्तार करना झारखंड पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ है. सुनील मीणा मूल रूप से राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले घडसाना के नयी मंडी का रहने वाला है. सुनील लॉरेंस बिश्नोई गैंग के विश्वस्त लोगों में रह चुका है. वर्क वीजा पर भारत से मलेशिया गया सुनील कुआलालमपुर में रहने के दौरान लॉरेंस बिश्नोई गैंग के रोहित गोदारा, गोल्डी बरार और संपत नेहरा के जरिए लॉरेंस के संपर्क में आया और मलेशिया से ही अपराध की दुनिया में अपने जड़े जमाने लगा. वह लॉरेंस बिश्नोई के इशारे पर राजस्थान और पंजाब के कई जिलों में हत्या, रंगदारी वसूली, फायरिंग जैसे घटनाओं को अंजाम दिलाने लगा.
विधायक गोविंद राम मेघवाल से रंगदारी मांगकर चर्चा में आया था सुनील
राजस्थान के तत्कालीन राहत एवं आपदा प्रबंधन मंत्री व कांग्रेस विधायक गोविंद राम मेघवाल से रंगदारी मांगकर सुनील मीणा सबसे पहले चर्चा में आया था. लॉरेंस के इशारे पर ही सुनील मीणा ने राजस्थान के एक पेट्रोल पंप संचालक से पांच करोड़ की रंगदारी मांगी थी. रंगदारी देने से इनकार करने पर उसने ही उस पर फायरिंग की घटना को अंजाम दिलाया था. इस घटना के बाद राजस्थान पुलिस ने सुनील मीणा के खिलाफ डोजीयर तैयार कर उसको रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने के लिए पत्राचार किया था. अमन साहू गैंग से जुड़ा सुनील मीणा
सुनील मीणा लॉरेंस गैंग के अलावे झारखंड के डॉन अमन साहू के राइट हैंड माने जाने वाले मयंक सिंह से जुड़ा और अमन साहू गैंग के लिए आपराधिक घटनाओं को अंजाम दिलाने लगा. अमन साहू गैंग के इशारे पर सुनील मीणा ने ही झारखंड में कोल ट्रांसपोर्ट कर रही छत्तीसगढ़ की आरकेटीसी कंपनी के कोरबा स्थित ऑफिस में अधिकारियों पर फायरिंग करायी थी. इसी कंपनी के डायरेक्टर सुशील सिंघल की हत्या के नियत से उसने रायपुर स्थित उनके हेड ऑफिस पर फायरिंग करावायी थी. संयुक्त राज्य अमेरिका से ही आपराधिक गिरोहों से रिक्रूटमेंट का काम कर रहा सुनील
झारखंड पुलिस की एटीएस ने सुनील का पासपोर्ट रद्द करा दिया है और वह एटीएस के डीएसपी और एसआई साहू को गोली मारने से जुड़े मामले में वांछित है. राजस्थान पुलिस और दिल्ली स्पेशल सेल के जांच में यह सामने आया है कि सुनील मीणा पासपोर्ट रद्द होने के बाद डंकी रूट के जरिये सिंगापुर, ईरान, मेक्सिको होते हुए संयुक्त राज्य अमेरिका में दाखिल हो चुका है. वह वही से अमन साहू गैंग के लिए पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली के आपराधिक गिरोहों से रिक्रूटमेंट का काम कर रहा है. साथ ही मयंक सिंह के साथ बैठकर झारखंड, बंगाल, छत्तीसगढ के कोल और ट्रांसपोर्ट कंपनियों से रंगदारी वसूली का पिच तैयार कर झारखंड के पलामू सेंट्रल जेल में बंद अमन साहू के गैंग का प्रभाव बढ़ा रहा है. [wpse_comments_template]
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