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शीतकालीन सत्र का समापन, लोकसभा, राज्यसभा अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, मोदी सरकार ने अध्यादेश से जुड़े सभी बिल पारित कराये

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NewDelhi : संसद का शीतकालीन सत्र आज तय समय से एक दिन पूर्व ही समाप्त हो गया. आज लोकसभा और राज्यसभा दोनों अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गयी. लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने शीतकालीन सत्र का अब तक का लेखा-जोखा संसद में पेश किया. इसके बाद वंदे मातरम गाया गया और  लोकसभा अनिश्चितकालीन के लिए स्थगित कर दी गयी. स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि  हंगामे के कारण 18 घंटे, 48 मिनट बर्बाद हुए.

प्रधानमंत्री मोदी लोकसभा में मौजूद थे

बता दें कि  प्रधानमंत्री मोदी आज लोकसभा में मौजूद थे.  बता दें कि कुछ दिन पहले ही राहुल गांधी ने पीएम मोदी पर आरोप लगाया था कि वे संसद में नहीं आते हैं.   शीतकालीन सत्र 29 नवंबर से शुरू हुआ था और 23 दिसंबर तक चलना था. लेकिन  विपक्ष द्वारा हर दिन हंगामा किये जाने की वजह से शीतकालीन सत्र निर्धारित समय से एक दिन पहले ही खत्म कर दिया गया. इसे भी पढ़ें : सपा">https://lagatar.in/raid-on-the-locations-of-sp-leaders-undisclosed-income-of-86-crores-detected-income-of-rs-68-crores-accepted/">सपा

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29 नवंबर  को पहले दिन से ही व्यवधान बना रहा

29 नवंबर को पहले दिन से ही व्यवधान बना रहा. विपक्ष के हंगामे के कारण संसद को हर दिन कई बार स्थगित किया जाता रहा. जान लें कि विपक्ष की मुख्य मांग उन 12 राज्यसभा सांसदों के निलंबन को वापस लेने की रही, जिन्हें जुलाई-अगस्त में मानसून सत्र के दौरान हुई घटनाओं के कारण निलंबित कर दिया गया था. इसके अलावा विपक्षी सांसदों की एक और महत्वपूर्ण मांग 3 अक्टूबर को लखीमपुर खीरी में किसानों की मौत में उसमें कथित संलिप्तता के लिए गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा टेनी का इस्तीफा भी था. इसे भी पढ़ें : अडानी">https://lagatar.in/adani-group-again-in-the-headlines-will-build-the-countrys-largest-ganga-expressway-got-the-work-of-17-thousand-crores/">अडानी

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हंगामे के बीच सरकार ने कई विधायी कार्य निपटा दिये

हालांकि हंगामे के बीच सरकार ने कई विधायी कार्य निपटा दिये. कल लोकसभा के बाद राज्यसभा में भी मतदाता पहचान पत्र को आधार कार्ड से जोड़ने वाले बिल पर मुहर लग गयी. बाल विवाह निषेध संशोधन बिल को लोकसभा में पेश करने के बाद इसे संसदीय कमेटी को भेज दिया. जान लें कि सत्र में सरकार अध्यादेश से जुड़े सभी बिल पारित करा चुकी है. इसे भी पढ़ें : ड्रग्स">https://lagatar.in/drugs-case-akali-leader-bikram-majithia-out-of-punjab-polices-custody-sit-raid-continues/">ड्रग्स

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कृषि कानूनों का वापस लेने वाले बिल पर पहले दिन मुहर लगी  

कृषि कानूनों का वापस लेने वाले बिल पर पहले दिन मुहर लग गयी थी.  मतदाता पहचान पत्र को आधार से जोड़ने संबंधी बिल, एनडीपीएस बिल, जजों के वेतन-भत्ते व सेवा शर्तें, सीबीआई-प्रवर्तन निदेशालय के प्रमुखों का कार्यकाल पांच साल तक बढ़ाने, जननीय प्रजनन उपचार उद्योग विनियमन बिल पर संसद की मुहर लग गयी है. [wpse_comments_template]

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