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पांडेय गिरोह का था पटना स्टेशन से बरामद हुए 50 लाख, जांच के लिए पहुंची झारखंड एटीएस

 
Ranchi : पटना रेलवे स्टेशन से बीते 10 अगस्त को 50 लाख रूपया बरामद हुआ था. यह रूपया झारखंड के पांडे गिरोह का था. इसे लेकर झारखंड एटीएस की एक टीम पटना पहुंचकर मामले की जांच में जुट गई है. इस मामले में एक व्यक्ति को पकड़ा गया था. जांच में यह बात सामने आई है कि बरामद पैसा झारखंड के रामगढ़ जिला के पवन ठाकुर का है. पवन ठाकुर सीधे तौर पर पांडेय गिरोह से जुड़ा हुआ है. पवन ठाकुर के ऊपर कई मामलों को लेकर झारखंड में एफआईआर दर्ज किया जाएगा. रामगढ़, हजारीबाग जैसे कोयला क्षेत्र में पांडेय गिरोह एक्टिव हैं. फिलहाल इस गिरोह को विकास तिवारी के द्वारा संचालित किया जा रहा है. इसे भी पढ़ें -LAGATAR">https://lagatar.in/lagatar-exclusive-special-branch-alert-bangladeshis-can-infiltrate-into-jharkhand/">LAGATAR

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क्या है मामला

दरअसल आरपीएफ ने बीते 10 अगस्त की रात पटना जंक्शन के प्लेटफॉर्म नंबर एक पर हैंडलर बजरंग कुमार ठाकुर को रांची-पटना वंदे भारत से उतरने के बाद लाल रंग के ट्रॉली बैग में रखे 50 लाख कैश के साथ पकड़ा था. पूछताछ में ही उसने बताया था कि रकम पवन ठाकुर की है. पटना पहुंचने के बाद पवन या उसका कोई आदमी फोन करता कि इसे कहां पहुंचाना है. पवन और बजरंग दोनों झारखंड के रामगढ़ के हैं. इधर आयकर की टीम ने बजरंग से पूछताछ की थी. उसके पास से मिले तीन मोबाइल की सीडीआर भी देखी गई थी.

पहले कहा- ट्रेन में रकम चोरी की है

पटना जंक्शन से बजरंग ट्रॉली लेकर फुट ओवर ब्रिज से जा रहा था. उसकी गतिविधि देखकर आरपीएफ ने उसे रोका और बैग खोलने को कहा. उसने कहा कि ट्रॉली लॉक है. उसके बाद आरपीएफ ने पूछताछ शुरू की तो पुलिस को चकमा देने के लिए कहा कि इसमें 50 लाख कैश है, जो मैंने वंदे भारत के एक यात्री की चोरी की है. आरपीएफ ने पटना से रांची के बीच जहां-जहां वंदे भारत रुकती है, वहां के आरपीएफ और जीआरपी से पूछताछ की तो कहीं भी ऐसा केस दर्ज नहीं था. बाद में आयकर की टीम को बुलाया गया. टीम के सामने ही ट्रॉली को तोड़ा गया तो उसमें 50 लाख कैश थे. तब उसने बताया कि यह रकम पतरातू के रामगढ़ के रहने वाले कोयला कारोबारी पवन ठाकुर की है. इसे भी पढ़ें -राज्य">https://lagatar.in/hemant-soren-is-worried-about-protecting-his-chair-and-not-the-moneylenders-of-the-state-pratul/">राज्य

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