: बीजेपी का दामन साफ नहीं, देश को खतरा- जयप्रकाश यादव
25 जून 1975 सबसे दुर्भाग्यपूर्ण दिन- प्रतिभा
वहीं केंद्रीय राज्यमंत्री प्रतिभा भौमिक ने कहा कि 25 जून 1975 को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में इस दिन को देश के सबसे दुर्भाग्यपूर्ण दिन की संज्ञा दी जाती है. 46 साल पहले आज के ही दिन देश के लोगों ने रेडियो पर एक ऐलान सुना और मुल्क में खबर फैल गई कि सारे भारत में अब आपातकाल की घोषणा कर दी गई है. इसे भी पढ़ें-संदीप">https://lagatar.in/this-is-how-sandeep-thapa-became-a-notorious-criminal-of-ranchi-read/">संदीपथापा ऐसे बन गया रांची का कुख्यात अपराधी, पढ़ें…
आपातकाल में मौलिक अधिकार थे निलंबित
46 साल के बाद भले ही देश के लोकतंत्र की एक गरिमामयी तस्वीर सारी दुनिया में प्रशस्त हो रही हो, लेकिन आज भी अतीत में 25 जून का दिन डेमॉक्रेसी के एक काले अध्याय के रूप में दर्ज है. पूर्व सांसद रविन्द्र पांडेय ने कहा कि आपातकाल की घोषणा के साथ ही सभी नागरिकों के मौलिक अधिकार निलंबित कर दिए गए थे. मंच पर निवर्तमान सांसद रविन्द्र पांडेय, बोकारो विधायक बिरंची नारायण, पूर्व विधायक छत्रुराम महतो, पूर्व जिलाध्यक्ष प्रह्लाद वर्णवाल, मधुसूदन सिंह, रोहितलाल सिंह, जिला परिषद अध्यक्ष सुनीता देवी मौजूद थी. संगोष्ठी का संचालन जिला महामंत्री संजय त्यागी व धन्यवाद ज्ञापन जयदेव राय ने की. इसे भी पढ़ें- जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-titan-eye-plus-store-opened-in-dimna-road/">जमशेदपुर: डिमना रोड में खुला टाइटन आई प्लस का स्टोर [wpse_comments_template]

Leave a Comment