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BREAKING : बच्चा चोर समझ जिसे पकड़ा, निकला 10 लाख का इनामी माओवादी

मृत्युंजय भुइयां के साथ एक अन्य साथी को भी पकड़ा गया. घटनास्थल पर ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस ने दोनों को हिरासत में ले लिया.
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Latehar : लातेहार पुलिस ने 10 लाख रुपये के इनामी माओवादी जोनल कमांडर मृत्युंजय भुइयां को गिरफ्तार किया है. जिले के छिपादोहर थाना क्षेत्र के ग्रामीणों ने उसे बच्चा चोर समझ कर पकड़ा था. बाद में पहचान होने पर पता चला कि यह पलामू प्रमंडल के जोनल कमांडर मृत्युंजय भुइयां है.


ग्रामीणों नेमृत्युंजय भुइयां के साथ उसके एक साथी को भी पकड़ा . इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दी गई. इसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों को गिरफ्तार कर लिया.

 

 

हालांकि, फिलहाल पुलिस ने इस गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है. लेकिन स्थानीय लोगों और सुरक्षा बलों में इस खबर को लेकर हलचल बनी हुई है. पुलिस-प्रशासन की ओर से मामले की आधिकारिक जानकारी जल्द ही साझा किए जाने की संभावना है.

 

100 से अधिक नक्सली घटनाओं में था शामिल


सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, मृत्युंजय भुइयां झारखंड व छत्तीसगढ़ में हुईं 100 से अधिक नक्सली घटनाओं में शामिल रहा है. लातेहार, गढ़वा व बूढ़ापहाड़ क्षेत्र में हुए कई बड़े हमलों का नेतृत्व उसी ने किया था. इन घटनाओं में 50 से अधिक जवान शहीद हुए थे. वह माओवादियों का लैंडमाइन एक्सपर्ट माना जाता था और कई हमलों में विस्फोटक लगाने की भूमिका में रहा है.


इन बड़े हमलों में था शामिल

 

* 2011: चतरा के तत्कालीन सांसद इंदर सिंह नामधारी के काफिले पर हमला, 11 जवान शहीद.

* 2012-13: गढ़वा के भंडरिया में नक्सली हमला, थाना प्रभारी समेत 13 जवान शहीद.

* 2013: लातेहार के बरवाडीह इलाके में मुठभेड़, सीआरपीएफ के 14 जवान शहीद.

* 2017-18: गढ़वा के पोलपोल इलाके में हमला, 6 पुलिसकर्मी शहीद.

 

टॉप माओवादी कमांडरों का करीबी था मृत्युंजय भुइयां

मृत्युंजय भुइयां को माओवादियों के हथियार डंप और ठिकानों की पूरी जानकारी होने की बात कही जाती है. वह संगठन के टॉप कमांडरों देव कुमार सिंह उर्फ अरविंद, सुधाकरण व मिथिलेश मेहता का करीबी रहा है. बूढ़ापहाड़ में सुरक्षाबलों के बड़े अभियान के बाद भी वह लंबे समय तक जंगलों में छिपकर सक्रिय रहा था.

 

 

 


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