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धनबाद : भीषण गर्मी में प्रशासन का सख्त कदम, सभी स्कूलों को हर घंटे वाटर ब्रेक देने का निर्देश

जिले में पड़ रही भीषण गर्मी को देखते हुए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाये हैं. सभी सरकारी और निजी स्कूलों को हर घंटे वाटर ब्रेक देने निर्देश दिया गया है.  जिला शिक्षा पदाधिकारी अभिषेक झा ने हर घंटे वाटर ब्रेक के लिए घंटी बजाई जाए, ताकि बच्चे नियमित रूप से पानी पी सकें और डिहाइड्रेशन का शिकार न हों.
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  • भीषण गर्मी में छात्रों की सेहत पर फोकस
  • हर घंटे वॉटर ब्रेक अनिवार्य
  • स्कूलों को विशेष निर्देश

Dhanbad :  जिले में पड़ रही भीषण गर्मी को देखते हुए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाये हैं. सभी सरकारी और निजी स्कूलों को हर घंटे वाटर ब्रेक देने निर्देश दिया गया है.  जिला शिक्षा पदाधिकारी अभिषेक झा ने हर घंटे वाटर ब्रेक के लिए घंटी बजाई जाए, ताकि बच्चे नियमित रूप से पानी पी सकें और डिहाइड्रेशन का शिकार न हों. 

 

अभिषेक झा ने विद्यालय प्रबंधन को यह सुनिश्चित करने को कहा है कि वाटर ब्रेक के दौरान सभी बच्चे पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं. जिला प्रशासन ने यह कदम खासतौर पर बढ़ते तापमान और लू के खतरे को देखते हुए उठाया है, ताकि बच्चों के स्वास्थ्य पर किसी प्रकार का प्रतिकूल प्रभाव न पड़े.

 

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जिला शिक्षा पदाधिकारी ने बताया कि यह निर्देश उपायुक्त आदित्य रंजन के मार्गदर्शन में जारी किए गए हैं. सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को सतर्कता बरतने और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के लिए कहा गया है.

 

निर्देशों के तहत विद्यालयों में साफ और ठंडा पेयजल उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया है. इसके लिए घड़ा, सुराही या अन्य सुरक्षित माध्यमों से पर्याप्त पानी की व्यवस्था करने को कहा गया है.

 

साथ ही मध्यान्ह भोजन (मिड-डे मील) छायादार स्थान पर परोसने और बच्चों के हाथ धोने की व्यवस्था भी छांव में ही करने का निर्देश दिया गया है. ताकि गर्मी से राहत मिल सके. इसके अलावा बच्चों को स्कूल आने-जाने के दौरान सिर को टोपी, गमछा या छाते से ढककर रखने की सलाह दी गई है.

 

विद्यालयों को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों से संपर्क कर ओआरएस और ग्लूकोज की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया गया है, ताकि आपात स्थिति में तुरंत राहत दी जा सके. जिला शिक्षा पदाधिकारी ने कहा कि सभी शिक्षक एवं शिक्षा विभाग के कर्मियों की यह व्यक्तिगत जिम्मेदारी है कि कोई भी बच्चा तेज गर्मी या लू की चपेट में न आए.

 

उन्होंने अभिभावकों से भी अपील की है कि वे बच्चों को पर्याप्त पानी देकर ही स्कूल भेजें और मौसम के अनुसार आवश्यक सावधानियां बरतें.

 

 

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