जान से क्यों मार दिया?
वह रोती है और बोलती जाती है-दुनिया में सभी प्रेम करते हैं. अगर प्रेम करने की इतनी बड़ी सजा होती है, तो यह सजा सभी प्रेम करने वालों को मिलनी चाहिए. मेरा बेटा अगर दोषी है, तो उतनी ही दोषी वह लड़की भी है, जिसकी वजह से मेरे बेटे को मार दिया गया. फिर उसे जिंदा क्यों छोड़ दिया गया? यह मां बलियापुर थाना क्षेत्र के निमटांड़ निवासी कमला देवी हैं. प्रेम की मां. परिजनों ने लगातार से कहा- वह 24 मई को खाना खाकर सोया हुआ था. तभी किसी का फोन आया और वह यह कह कर घर से गया कि आधे घंटे में आता हूं, मगर वह नहीं आया. उसकी लाश आई. और कमला देवी बोल पड़ती हैं -जिन लोगों ने मेरे इकलौते बेटे की पीट-पीटकर हत्या कर दी है, उन्हें फांसी होनी चाहिए. प्रेम की बहन कंचन का कहना है कि लड़की के फोन करके बुलाने पर ही भाई भूदा गया था. भाई ने अगर गलती की थी, तो उसे मारा-पीटा, जान से क्यों मार दिया? [caption id="attachment_319634" align="aligncenter" width="300"]alt="" width="300" height="226" /> प्रेम की माँ और बहन[/caption]
पूरे परिवार के अरमान की हत्या हो गई.
पीड़ित परिवार सहित पूरे गांव के लोग इस घटना से मर्माहत हैं. सभी लोग दोषियों पर सख्त कार्रवाई चाहते हैं. लोग पुलिसिया कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हैं. लोगों का कहना है कि जिस लड़की पर प्रेम को बुलाने का आरोप है, उसके पिता को गिरफ्तार तो कर लिया गया है, लेकिन मुख्य दोषियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है. पुलिस चाहे तो मोबाइल लोकेशन के आधार पर उन लोगों को गिरफ्तार कर सकती है. पुलिस चाहे तो प्रेम के जब्त मोबाइल के कॉल डिटेल्स से भी बहुत कुछ पता लगा सकती है. इस घटना ने प्रेम के पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया है. मां ने जहां अपने जीने के इकलौते सहारे, इकलौते चिराग को खो दिया है, वहीं बहन ने अपने इकलौते भाई को खो दिया है, जिसकी कलाई पर हर वर्ष रक्षाबंधन के दिन राखी बांधा करती थी. कमला देवी कहती है : पूरे परिवार के अरमान की हत्या हो गई. [caption id="attachment_319638" align="aligncenter" width="234"]alt="" width="234" height="300" /> स्व प्रेम रवानी[/caption]
प्रेम गांव का चहेता था
मिलनसार स्वभाव का 17 वर्षीय प्रेम गांव का चहेता था. लोग उसे पसंद करते थे. उसने 12वीं की परीक्षा दी थी. वह अपने पीछे मां, बहन, दादा, दादी, चाचा, चाची सहित भरा पूरा परिवार छोड़ गया है. प्रेम के पिता बंसी रवानी का देहांत 2013 में हो गया था. घर की सारी जिम्मेदारी उसके छोटे चाचा दारकू रवानी पर है. वे मेहनत मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण कर रहे हैं. बताया जाता है कि प्रेमिका द्वारा बुलाए जाने पर वह 24 मई को भूदा गया था. जहां लड़की के भाइयों ने उसकी जमकर पिटाई कर दी. फिर उसे एसएनएमएमसीएच के समीप छोड़ दिया. सूचना पर परिवार के लोग वहां पहुंचे तो प्रेम को मृत पाया. यह भी पढ़ें : झरिया">https://lagatar.in/yamraj-killed-in-jharia-terror-across-the-district-administration-sleeping/">झरियामें `यमराज` ने जान ली, जिले भर में आतंक, प्रशासन सो रहा [wpse_comments_template]

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