Dhanbad: जिले में अवैध खनन और नदियों के किनारे ओवर बर्डन (ओबी) डंपिंग पर अब प्रशासन सख्त कार्रवाई करेगा. शनिवार को न्यू टाउन हॉल में आयोजित जिला खनन टास्क फोर्स की बैठक में उपायुक्त आदित्य रंजन ने स्पष्ट निर्देश दिया कि यदि जमुनिया, कतरी और दामोदर नदी के किनारे अवैध खनन अथवा ओबी डंपिंग पाई जाती है तो संबंधित अंचल अधिकारी (सीओ) और थाना प्रभारी सीधे जिम्मेदार होंगे.
उपायुक्त ने जिला खनन पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी एवं अन्य संबंधित विभागों की संयुक्त टीम को तीनों नदियों के पूरे क्षेत्र का निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया. रिपोर्ट में स्पष्ट करना होगा कि नदी तटों पर अवैध खनन या ओबी डंपिंग हुई है, हो रही है या भविष्य में इसकी संभावना है. उन्होंने कहा कि यदि निरीक्षण में ऐसी गतिविधियां पाई गईं तो संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध जवाबदेही तय की जाएगी.
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बैठक में उपायुक्त ने कहा कि नदी किनारे अवैध रूप से ओबी डंप करना भी अवैध खनन के समान गंभीर अपराध है. उन्होंने सभी अंचल अधिकारियों और थाना प्रभारियों को ऐसे मामलों में दोषियों के विरुद्ध नामजद प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया. साथ ही जहां अवैध खनन की आशंका है वहां बड़े पैमाने पर पौधरोपण कर नदी तटों को सुरक्षित करने की भी बात कही.
उपायुक्त ने बिना ढंके कोयला परिवहन करने वाले वाहनों पर भी सख्ती बरतने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि ऐसे वाहनों का चालान किया जाए तथा जिला परिवहन पदाधिकारी विशेष टीम गठित कर इसकी विस्तृत जांच सुनिश्चित करें. बैठक में जमुनिया नदी के आसपास हो रहे अवैध खनन पर विशेष चर्चा हुई.
बीसीसीएल प्रबंधन ने बताया कि कंक्रीट ब्लॉक लगाकर 11 अवैध खनन मुहानों को बंद कर दिया गया है जबकि अन्य मुहानों को भी बंद करने की प्रक्रिया जारी है. इस पर उपायुक्त ने जिला खनन पदाधिकारी को स्थल निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया.
बैठक के दौरान जिला खनन पदाधिकारी रितेश राज तिग्गा ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में माइनर मिनरल से जुड़े 95 वाहनों को जब्त किया गया, 13 प्राथमिकी दर्ज हुईं और 28.67 लाख रुपये की वसूली की गई. वहीं मेजर मिनरल के मामलों में 106 प्राथमिकी, 76 वाहनों की जब्ती, 1085.40 टन अवैध कोयला जब्त तथा 32 आरोपियों की गिरफ्तारी की गई.
उन्होंने बताया कि चालू वित्तीय वर्ष में मई तक अवैध कोयला खनन एवं परिवहन के विरुद्ध 26 प्राथमिकी दर्ज करते हुए 40 वाहनों और 190.5 टन कोयले को जब्त किया गया तथा पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया.
बैठक में बीसीसीएल ने भी अपनी कार्रवाई का ब्यौरा प्रस्तुत करते हुए बताया कि सितंबर 2025 से मई 2026 तक ड्रोन सर्विलांस के माध्यम से 446 मामलों की पहचान की गई, जिनमें 201 मामलों में कार्रवाई करते हुए 53 टन कोयला बरामद किया गया. इसके अलावा अवैध खनन के मुहानों को ध्वस्त करने, छापेमारी अभियान, सेंट्रल कमांड कंट्रोल की निगरानी तथा सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए किए गए उपायों की भी जानकारी दी गई.
उपायुक्त ने जिला खनन टास्क फोर्स के सभी सदस्यों, अनुमंडल दंडाधिकारियों, अंचल अधिकारियों, पुलिस उपाधीक्षकों एवं थाना प्रभारियों को संयुक्त रूप से अधिक से अधिक छापेमारी अभियान चलाने तथा अवैध खनन, परिवहन और भंडारण में संलिप्त लोगों के विरुद्ध नामजद प्राथमिकी दर्ज कर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.
बैठक में खनन क्षेत्रों में पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण, माइन क्लोजर प्लान और सस्टेनेबल माइनिंग से जुड़े कार्यों की भी विस्तृत समीक्षा की गई.
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