- 18 एकड़ सरकारी जमीन पर अतिक्रमण का मामला
Dhanbad News : धनबाद के बारामूड़ी खटाल में वर्षों से रह रहे परिवारों के सामने एक बार फिर विस्थापन का खतरा मंडराने लगा है. डीसी के निर्देश पर सीओ की मौजूदगी में बुधवार को सरकारी जमीन की मापी व सीमांकन की प्रक्रिया शुरू हुई. प्रशासन का लक्ष्य करीब 18 एकड़ सरकारी जमीन को चिह्नित कर उसे अतिक्रमण मुक्त कराना है. अभियान के दायरे में बारामूड़ी खटाल के अलावा पंपू तालाब और लोको टैंक की जमीन भी शामिल है.
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सीओ के अनुसार, फिलहाल जमीन की मापी कर सरकारी भूमि की पहचान की जा रही है. पहले बारामूड़ी खटाल की जमीन चिह्नित करने का निर्देश दिया गया है. इसके बाद पंपू तालाब और लोको टैंक की जमीन का सीमांकन किया जाएगा. जमीन चिह्नित होने के बाद संबंधित लोगों को नोटिस जारी कर उन्हें एक सप्ताह का समय दिया जाएगा. स सीओ ने बताया कि बारामूड़ी खटाल क्षेत्र में करीब 180 घर हैं.
जमीन की मापी शुरू होने के बाद स्थानीय लोगों ने अपनी चिंता जाहिर की. उनका कहना है कि अधिकारी बिना किसी पूर्व नोटिस के मौके पर पहुंचे और जमीन की मापी शुरू कर दी. पूछने पर अधिकारियों ने इसे जमीन का सर्वे बताया. स्थानीय लोगों के अनुसार, वर्षों पहले तत्कालीन व्यवस्था के तहत करीब 200 परिवारों को यहां बसाया गया था. वर्ष 2005 में उन्हें बेकारबांध तालाब के पीछे से लाकर बारामूड़ी खटाल क्षेत्र में बसाया गया था. जमीन की मापी शुरू होने से उन्हें दोबारा विस्थापन का डर सताने लगा है.
स्थानीय परिवार प्रशासन से ऐसी व्यवस्था करने की मांग कर रहे हैं जिससे उन्हें बार-बार विस्थापन की समस्या का सामना नहीं करना पड़े. प्रशासन उनके रहने की समस्या का स्थायी समाधान निकाले.
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