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गढ़वा: महंगाई की मार से आमलोग बेहाल, रसोई का बजट बिगड़ा

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Garhwa: बढ़ती महंगाई ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. कभी पेट्रोल तो कभी गैस के दाम बढ़ रहे हैं. इसका सीधा असर आमलोगों पर पड़ रहा है. लगातार">https://lagatar.in/">लगातार

मीडिया ने महंगाई के असर से प्रभावित हो रहे लोगों का हाल जानने के लिए शहर का दौरा किया. टीम लोगों के बीच पहुंची. उनसे बातें की और वास्तविक स्थिति को लोगों को सामने लायी. https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/07/4-5.jpg"

alt="" width="608" height="405" /> बाजार में कपड़ा खरीदने निकली गुलसैदा बीबी महंगाई से परेशान हैं. उन्होंने कहा कि पहले जो दुपट्टा 100 रुपए में मिल रहा था वह अब 140 रुपए में मिल रहा है. बच्चे का कपड़ा भी काफी महंगा हो गया है. ऐसे में घर का खर्चा चलाना मुश्किल हो गया है. बच्चों का कोचिंग से लेकर पानी, बिजली और गैस खरीदना पड़ता है. ऐसे में सरकार को महंगाई कम करनी चाहिए. लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है. https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/07/1-11.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> बाजार में दवा खरीदने निकली कमला देवी ने कहा कि महंगाई चरम पर है. पहले जो दवा 140 रुपये में खरीदते थे अब 159 रुपये में मिल रहा है. एक तरफ बीमारी से लोग परेशान हैं तो दूसरी ओर दवा की बढ़ती कीमतों से परेशान हैं. महंगाई की मार से हर वर्ग परेशान है. https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/07/2-12.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> किराना दुकान पहुंची तजरुन बीबी ने कहा कि पहले किराना का सामान (खाद्य सामग्री) का मूल्य कम था. अब अधिक है. पहले जो सेवई 10 रुपये में एक पैकेट मिलता था, अब वह 15 रुपए में मिल रहा है. गरीबों के लिए राशन खरीदना मुश्किल हो गया है. सरकार को इस पर ध्यान देना चाहिए. खाद्य सामग्रियों के दाम बढ़ रहे हैं. वहीं मजदूरों की मजदूरी नहीं बढ़ रही है. https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/07/5-7.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> बाजार में सब्जी खरीदने निकली मीणा देवी ने कहा कि गरीबों की थाली से सब्जी भी छीनी जा रही है. सब्जी काफी महंगी हो गई है. पहले 10 रुपये प्रति किलोग्राम टमाटर था, अब 60 रुपये प्रति किलोग्राम मिल रहा है. इसी तरह से अन्य सब्जियों के दाम भी बढ़ गये हैं. अब सब्जी खाना भी गरीबों के लिए मुश्किल होता जा रहा है. इसे भी पढ़ें-  रूपा">https://lagatar.in/roopa-tirkey-case-dsp-pramod-mishra-filed-a-petition-in-the-high-court/">रूपा

तिर्की मामला : DYSP प्रमोद मिश्रा ने हाईकोर्ट में दायर की याचिका
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alt="" width="600" height="400" /> जो हाल सब्जी का है, वही चिकन का भी है. बाजार में चिकन खरीद रहे मवाजुदिन अंसारी ने कहा कि चिकन (मुर्गा) पहले 60 रुपये प्रति किलोग्राम मिलता था. अब 160 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया है. अब चिकन खाना गरीबों के लिए सपना बनता जा रहा है. जिस तेजी से महंगाई बढ़ी है, उस तेजी से लोगों की आमदनी नहीं बढ़ी है. इसलिए इस पर सरकार को गंभीरता से सोचना चाहिए. इसे भी पढ़ें- TMC">https://lagatar.in/controversial-tmc-mp-mahua-moitra-said-does-not-want-to-live-in-an-india-where-bjps-patriarchal-brahminical-outlook-dominates/">TMC

सांसद महुआ मोइत्रा ने कहा, ऐसे भारत में नहीं रहना चाहती, जहां भाजपा का पितृसत्तात्मक ब्राह्मणवादी दृष्टिकोण हावी है
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