Ranchi : झारखंड हाईकोर्ट में नक्सली भीखन गंझू की जमानत याचिका पर सुनवाई हुई. सुनवाई के दौरान अदालत ने पुलिस से भीखन गंझू के खिलाफ दर्ज सभी आपराधिक मामलों की जानकारी और केस डायरी मांगी है. झारखंड हाईकोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस राजेश कुमार की अदालत में भीखन गंझू की जमानत अर्ज़ी पर सुनवाई हुई. यह मामला आर्म्स एक्ट से जुड़ा हुआ है. जिसमें चतरा जिले के पिपरवार थाने में भीखन गंझू के खिलाफ कांड संख्या 57/2018 दर्ज किया गया है.
इसे भी पढ़ें - नक्सली">https://lagatar.in/maoist-nirbhay-got-a-reward-of-25-lakhs-after-the-surrender-of-naxalite-mithilesh-the-responsibility-of-the-district-sub-zone/">नक्सली
मिथिलेश के सरेंडर के बाद 25 लाख का इनामी माओवादी निर्भय को मिला जिलगा सब जोन का जिम्मा
मिथिलेश के सरेंडर के बाद 25 लाख का इनामी माओवादी निर्भय को मिला जिलगा सब जोन का जिम्मा
रांची पुलिस ने साल 2022 में किया था गिरफ्तार
बता दें कि रांची पुलिस ने वर्ष 2022 में पंडरा इलाके से 10 लाख के इनामी नक्सली भीखन गंझू को गिरफ्तार किया था. जिसके बाद से वह न्यायिक हिरासत में है. भीखन उग्रवादी समूह टीपीसी का कमांडर है. पिपरवार के अशोका, टंडवा के मगध-आम्रपाली परियोजना में टेरर फंडिंग के केस में भी आरोपी है. इसके साथ ही नागालैंड से हथियार की तस्करी में भी एनआईए ने भीखन पर चार्जशीट दायर की है.
इसे भी पढ़ें - अडानी">https://lagatar.in/hindenburg-denied-adanis-answer-said-fraud-cannot-be-hidden-by-nationalism/">अडानी
के जवाब का हिंडनबर्ग ने किया खंडन, कहा-धोखाधड़ी को राष्ट्रवाद से छिपाया नहीं जा सकता
के जवाब का हिंडनबर्ग ने किया खंडन, कहा-धोखाधड़ी को राष्ट्रवाद से छिपाया नहीं जा सकता
[wpse_comments_template]

Leave a Comment