Chatra News: शहरवासियों की प्यास बुझाने वाला हेरु डैम खुद प्यासा हो गया है. डैम में लगा फाटक वॉल्व टूटने के बाद बारिश में जमा पानी रातों-रात बहकर पूरी तरह डैम खाली हो गया. इससे शहर की जलापूर्ति व्यवस्था पर संकट मंडराने लगा है. स्थिति ऐसी है कि अगर समय रहते वॉल्व की मरम्मत नहीं हुई, तो शहर में जलापूर्ति पूरी तरह ठप हो सकती है.
इसे भी पढ़ें:
जानकारी के अनुसार, अन्यत्र स्थान से बहकर आया मोटा लकड़ी का बोटा डैम के फाटक में फंस गया था. जिसे निकालने के उदेश्य से ड्यूटी पर तैनात पीएचईडी कर्मियों नें फाटक को खोल उसे बहाना चाहा, लेकिन पानी की तेज धार के साथ लकड़ी का टुकड़ा फाटक वॉल्व पर जा गिरा.
फाटक में फंसे बड़े लकड़ी के टुकड़े को पानी के बहाव के साथ निकालने के प्रयास के दौरान वॉल्व क्षतिग्रस्त हो गया है. वॉल्व टूटने से इमरजेंसी एग्जिट पाइप से पानी तेजी से बाहर निकलने लगा और देखते ही देखते डैम खाली हो गया.
पीएचईडी कर्मियों ने बताया कि डैम में पानी को पुनः रोकने और शहर में जलापूर्ति व्यवस्था बहाल करने के लिए विभागीय टीम लगातार काम कर रही है. वॉल्व को दुरुस्त करने का प्रयास युद्धस्तर पर जारी है.
इधर डैम का पानी बह जाने से शहरवासियों की चिंता बढ़ गई है. लोग सवाल उठा रहे हैं कि बारिश में जब डैम का यह हाल है, तो गर्मी के दिनों में जलसंकट की स्थिति कितनी गंभीर होगी इसकी कल्पना भी सोंच से प्रेम है.
गौरतलब है कि लंबे समय से जर्जर पड़े हेरु डैम के सभी फाटकों को हाल में दुरुस्त किया गया था. फाटक दुरुस्त होने के बाद अब वॉल्व टूटने से परेशानी बढ़ गई है. हेरु डैम से ही पूरे चतरा शहर में जलापूर्ति होती है. डैम का पानी अचानक बहने की खबर सुनकर शहर के लोग स्थिति का जायजा लेने भारी संख्या में डैम पहुंच रहे हैं.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

