- अगली सुनवाई 19 को
- आदिवासी महिला की खतियानी जमीन से जुड़ा है मामला
Ranchi News : झारखंड हाइकोर्ट ने कांके थाना क्षेत्र की एक आदिवासी महिला द्वारा दाखिल आपराधिक रिट याचिका पर सुनवाई की. हाईकोर्ट न्यायमूर्ति रंगन मुखोपाध्याय की कोर्ट ने मामले में राज्य सरकार और संबंधित अधिकारियों को जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है. मामले की अगली सुनवाई 19 नवंबर 2026 को निर्धारित की गई है.
दरअसल, यह मामला कांके अंचल के मौजा-हुसिर, खाता संख्या-58, प्लॉट संख्या-381 एवं 382 स्थित खतियानी जमीन पर कथित रूप से भू-माफियाओं द्वारा अवैध कब्जे करने और पूरे प्रकरण में स्थानीय पुलिस की कथित भूमिका से संबंधित है.
सुभासो देवी की ओर से हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा है कि उनकी पैतृक/खतियानी भूमि पर अवैध रूप से कब्जा करने का प्रयास किया गया और इस पूरे मामले में तत्कालीन कांके थाना प्रभारी प्रकाश रजक की भूमिका भी जांच के दायरे में है.
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याचिका में मांग की गई है कि भूमि पर कथित अवैध कब्जे और भू-माफियाओं व पुलिस अधिकारियों के बीच संभावित मिलीभगत की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच कराई जाए. साथ ही, संबंधित पुलिस पदाधिकारी के विरुद्ध विभागीय जांच प्रारंभ करने और जांच के दौरान आवश्यक कार्रवाई किए जाने की मांग भी की गई है.
याचिकाकर्ता ने अपने परिवार एवं संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करने और उनकी वैध भूमि पर किसी भी प्रकार के अवैध हस्तक्षेप को रोकने के लिए आवश्यक निर्देश जारी किए जाने का भी आग्रह किया है. याचिकाकर्ता की ओर से मामले में अधिवक्ता वाजिद अली और अधिवक्ता शैयाकुर रहमान ने पक्ष रखा.
बता दें कि मामले में याचिकाकर्ता का कहना है कि मामला केवल भूमि विवाद तक सीमित नहीं है, बल्कि एक आदिवासी परिवार की भूमि, संपत्ति की सुरक्षा और कथित पुलिस निष्क्रियता/भूमिका से भी जुड़ा है.

