Jamshedpur (Sunil Pandey) : कोर्ट फी में बेतहासा वृद्धि के खिलाफ सोमवार को जमशेदपुर बार एसोसिएशन के अधिवक्ता हड़ताल पर रहे. कोर्ट में किसी तरह का कोई काम नहीं हुआ. सोमवार की सुनवाई के लिए लिस्टेड मामलों में कोर्ट की ओर से अगली तारीख दे दी गई. वहीं सुनवाई में शामिल होने आए कई मुव्वकिलों को बैरंग लौटना पड़ा. अधिवक्ताओं ने बताया कि वकीलों की यह कलमबंद हड़ताल पूरे राज्य में हुई है. इसके जरिए सरकार को एक मैसेज दिया गया कि इतनी महंगाई में कोर्ट फी में बढ़ोतरी मुव्वकिलों पर अतिरिक्त बोझ डालने और अधिवक्ताओं के रोजगार को प्रभावित करने वाला निर्णय है.
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करोड़ में राज्यपाल, राज्यसभा सीट दिलाने का वादा करने वाले ठग गिरोह का भंडाफोड़ सस्ता एवं सुलभ न्याय पाना बना मजाक
कोर्ट फी में बढ़ोतरी पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए लॉयर्स डिफेंस के मीडिया प्रभारी अधिवक्ता अक्षय कुमार झा ने बताया कि सरकार एवं विधि विभाग सस्ता एवं सुलभ न्याय के लिए निरंतर जागरुकता कार्यक्रम चला रहा है. दूसरी ओर कोर्ट फी में बेतहासा बढ़ोतरी कर उक्त अभियान का मजाक उड़ा रहा है. कोर्ट फी चार-पांच गुणा बढ़ा दी गई है, जो मुव्वकिलों पर एक अतिरिक्त बोझ है. इसका असर अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य पर पड़ेगा.
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: ईचा क्षेत्र के ग्रामीणों ने चम्पाई सोरेन का पुतला फूंका एक करोड़ की टाईटल सूट का कोर्ट फी तीन लाख हुआ
अधिवक्ता अक्षय कुमार झा ने बताया कि किसी क्रिमिनल केस में कोर्ट फी, वकालतनामा, फाईल, कागज वगैरह का जहां 100 से 150 रुपए तक लगता था. वह अब बढ़कर पांच से सात सौ रुपए हो जाएगा. सिविल केस में एक करोड़ के टाइटल सूट के लिए 50 हजार रुपये कोर्ट फी के रूप में जमा होता था. जो अब बढ़कर तीन लाख रुपया हो गया है. उन्होंने झारखंड सरकार से बढ़ी हुई कोर्ट फी अविलंब वापस लेने की मांग की. [wpse_comments_template]
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