Kiriburu : महिला समिति गुवा की अध्यक्ष स्मिता गिरी द्वारा सारंडा के जोजोगुटू गांव में नौ अप्रैल को ग्रामीणों के बीच नये-पुराने कपड़ों का वितरण किया गया था. इस पर पूर्व जिला परिषद सदस्य बामिया माझी ने कई सवाल उठाते हुए कहा कि सारंडा का कोई भी ग्रामीण आज के समय में गरीब नहीं है. ऐसी स्थिति में यहां के ग्रामीणों में कोई पुराने कपड़ों का वितरण न करें पुराने कपड़ों का वितरण करना ही है तो वह अपने पैतृक राज्य बिहार में जाकर करें. सारंडा के गांवों में वितरण करना है तो नयें कपड़ों का वितरण करें. साथ ही उन्होंने कहा कि वितरण किए गए पुराने कपड़ों के पहनने से यहां के लोग तरह-तरह के बीमारियों से ग्रसित होंगे. देश और राज्य के किसी भी क्षेत्र में आज तक हमनें किसी भी व्यक्ति या संस्था द्वारा लोगों के बीच पुराने कपड़ों का वितरण करते नहीं देखा और न सुना है. इसे भी पढ़ें : आदित्यपुर">https://lagatar.in/adityapur-colony-residents-donated-labor-and-cleaned-the-drain-the-representative-was-unconscious/">आदित्यपुर
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ग्रामीणों की सहमति से किया गया था पुराने कपड़ो को साफ कर वितरण
मालूम हो कि उक्त महिला समिति की सदस्यों ने अपने-अपने और अपने परिचितों के घरों में रखे नये व पुराने कपड़ों को संग्रहित कर वितरित किए थे. सभी कपड़ों की अच्छी तरह से साफ-सफाई करा उन्हें जोजोगुटू गांव के मुंडा कानूराम देवगम आदि की मौजूदगी व सहमति से जरूरतमंदों के बीच वितरित किया गया था. गांव के गरीब ग्रामीण इन कपड़ों को पाकर काफी खुश नजर आये थे. लेकिन बामिया माझी के इस विवादित बयान से सारंडा पीढ़ के मानकी लागुड़ा देवगम, जोजोगुटू के मुंडा कानूराम देवगम, राजाबेड़ा मुंडा जामदेव चाम्पिया, राजेश सांडिल आदि ग्रामीण आहत हैं. इसे भी पढ़ें : देवघर">https://lagatar.in/money-ramnavami-in-a-special-way-in-tapovan-of-deoghar/">देवघरके तपोवन में खास तरीके से मनी रामनवमी
पूर्व जिला परिषद सदस्य बामिया माझी के ब्यान से रोषित है ग्रामीण
बामिया माझी के ब्यान जारी होने के बाद ग्रामीणों में रोष व्याप्त है. ब्यान पर उन्होंने कहा कि पूर्व से लेकर अब तक सारंडा के ग्रामीण गरीब थे और आज भी गरीब हैं. सिर्फ बामिया माझी ही एक अकेला व्यक्ति सारंडा का अमीर होगा. गुवा की महिला समूह ने जोजोगुटू गांव के जरूरतमंदों को नये-पुराने कपड़े उपलब्ध करा हम लोगों पर एहसान किया है. हम ग्रामीण उनके अभारी हैं. हम चाहते हैं कि तमाम महिला समूह व विभिन्न संस्थाएं सारंडा के तमाम गांवों के जरूरतमंदों के बीच ऐसा सहयोगात्मक कार्यक्रम चला उनकी मदद करे. इसे भी पढ़ें : AJSU">https://lagatar.in/ajsu-meeting-on-april-12-jail-bharo-andolan-and-panchayat-elections-will-be-discussed/">AJSUकी बैठक 12 अप्रैल को: जेल भरो आंदोलन और पंचायत चुनाव पर होगी चर्चा [wpse_comments_template]
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