Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

मजदूर यूनियन और किसान संघ चरणबद्ध आंदोलन करेंगे

Ranchi : झारखंड जनशक्ति मजदूर यूनियन और किसान संघ के संयुक्त नेतृत्व में पंचायत का आयोजन किया गया. जिसकी अध्यक्षता केंद्रीय अध्यक्ष ललित नारायण ओझा ने की. ललित नारायण ओझा ने कहा कि हेमंत सोरेन की सरकार किसान और मजदूर विरोधी है. किसानों को योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा है. वे अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं. लेकिन मजदूर और किसानों की कोई सुध लेने वाला नहीं है. कहा कि वे आगे चरणबद्ध तरीके से सरकार के खिलाफ आंदोलन करेंगे. इसको लेकर आज पंचायत में रणनीति बनायी गयी है. इस आंदोलन में पूरे राज्य के किसान और मजदूर शामिल होंगे. (पढ़ें, भाकपा-माले">https://lagatar.in/cpi-ml-area-committee-meeting-discussion-on-candidate-for-ramgarh-by-election/">भाकपा-माले

एरिया कमिटी की बैठक, रामगढ़ उप चुनाव में प्रत्याशी पर चर्चा)

रघुवर सरकार में मिल रहा था योजना का लाभ

https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/01/Untitled-15-copy-6.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> केंद्रीय अध्यक्ष ललित नारायण ओझा ने बताया कि किसानों की कर्ज माफी का वादा कर सरकार ने मजदूरों और किसानों से वोट मांगी. लेकिन सरकार अपने वायदों को पूरा करने में असमर्थ रही है. ललित ओझा ने बताया कि झारखंड जनशक्ति मजदूर यूनियन ने मानदेय में बढ़ोतरी करायी. मुख्यमंत्री जन कृषि आशीर्वाद योजना के तहत रघुवर सरकार में 5000 रुपये प्रति स्क्वायर मानदेय मिल रहा था. लेकिन हेमंत सरकार ने किसानों के अधिकारों को कुचलने का काम किया है. इसे भी पढ़ें : भारत">https://lagatar.in/bharat-jodo-yatra-is-penance-for-us-cant-say-anything-on-political-profit-loss/">भारत

जोड़ो यात्रा हमारे लिए तपस्या है, राजनीतिक नफा-नुकसान पर कुछ कह नहीं सकता, हिंदुस्तान में डर फैलाया जा रहा है : राहुल

न्यूनतम मजदूरी कभी मिलती तो कभी नहीं

मजदूर महेंद्र यादव हरेंद्र रॉय ने बताया कि न्यूनतम मजदूरी कभी मिलती है तो कभी नहीं मिलती है. कहा कि कभी महीनों काम नहीं मिलता है. सरकार किसानों और मजदूरों को मान-सम्मान दिलाये. कोरोना काल के बाद से सभी काम के लिए भटक रहे हैं. सरकार को किसानों और मजदूरों के लिए विशेष कानून लाना चाहिए, ताकि हमें राशन, भत्ता और काम मिल सके. इसे भी पढ़ें : रांची">https://lagatar.in/sarna-prayer-meeting-cum-conference-in-ranchi-demand-for-sarna-religion-code-and-raised-issue-of-parasnath/">रांची

में सरना प्रार्थना सभा सह सम्मेलन : सरना धर्म कोड की मांग और पारसनाथ का उठा मुद्दा
[wpse_comments_template]  

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही