- लातेहार : पुलिस व ग्रामीणों के बीच हिंसक झड़प,
- SI समेत 15 जवान घायल
- ग्रामीण भी चोटिल
- पुलिस ने की हवाई फायरिंग
Latehar : सदर थाना क्षेत्र के कैमा गांव में गुरुवार की देर रात पुलिस और ग्रामीणों के बीच हिसंक झड़प हुई. इस झड़प में एसआई समेत पुलिस के 15 जवान घायल हुए हैं.
इनमें से तीन जवानों को सदर अस्पताल में प्राथमिक इलाज कराने के बाद रिम्स रेफर कर दिया गया. इस झड़प में कई ग्रामीण भी घायल हुए हैं, जिनका इलाज गांव में ही कराया गया.
लातेहार : दिनेश टाना भगत ने कहा कि घटना गांव के दो युवकों को पकड़ कर ले जाने और ग्रामीणों पर लाठीचार्ज को लेकर हुई पुलिस-ग्रामीणों के बीच झड़प pic.twitter.com/CnSfY5Zcai
— Lagatar News (@lagatarIN) March 6, 2026
दो युवकों को पकड़कर ले जा रही थी पुलिस
घटना के संबंध में कैमा गांव के सहावीर टाना भगत और दिनेश टाना भगत ने बताया कि पुलिस चार वाहनों में तुबेद गांव पहुंची थी और दो युवक विशेष टाना भगत और संदीप टाना भगत को पकड़ कर ले जा रही थी.
जब इस बात की जानकारी ग्रामीणों को हुई तो सभी एकजुट हो गये और दोनों युवक को छोड़ने की मांग की. इतने में पुलिस के दो वाहन दोनों युवकों को लेकर वहां से चली गयी.
सहावीर टाना भगत ने पुलिस ग्रामीण झड़प को लेकर कहा कि ड्रोन का इस घटना से कोई लेना देना नहीं है pic.twitter.com/x3VPOfsOkH
— Lagatar News (@lagatarIN) March 6, 2026
वार्ता के बाद पुलिस ने दोनों ग्रामीणों को छोड़ा
तब ग्रामीणों ने पुलिस के दो वाहनों को गांव में रोक लिया और दोनों युवक को वापस लाने की मांग करने लगे. इतने में पुलिस जवानों से भरी एक बस के साथ दोनों युवको को गांव लाया गया.
इसके बाद ग्रामीणों ने गांव के अखरा में बैठकर पुलिस से वार्ता की और फिर दोनों युवकों को छोड़ दिया. दोनों ने आगे बताया कि वार्ता के बाद पुलिस गांव से चली गयी. लेकिन एक जवान, जो काफी नशे में था, वह उनके साथ नहीं जा सका.

दिनेश टाना भगत

सहावीर टाना भगत
जवान को बंधक बनाने का आरोप लगाकर ग्रामीणों पर किया लाठीचार्ज
टाना भगत ने आगे बताया कि पुलिस फिर से गांव आयी और उस जवान के बारे में पूछताछ करने लगी. पुलिस वालों ने आरोप लगाया कि ग्रामीणों ने एक जवान को बंधक बना लिया है और ग्रामीणों पर लाठी चार्ज कर दिया.
इसके बाद ग्रामीणों ने भी आत्मरक्षा में पुलिस पर हमला कर दिया. ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस ने तीन राउंड हवाई फायरिंग भी की है. हालांकि समाचार लिखे जाने तक सदर थाना में इस घटना को लेकर प्राथमिक दर्ज नहीं की गयी थी.

घायल पुलिस के जवान
इस घटना में पुलिस के 15 जवान घायल हुए हैं. घायल जवानों में एसआई धर्मवीर कुमार सिंह, सलेंद्र कुमार सिंह (आईआरबी), प्रेमचंद पांडेय (आईआरबी), रामकिशोर उरांव (जैप), विजय कुमार सिंह (आईआरबी) और तिलेश्फर लकड़ा (जैप) शामिल हैं.
इसके अलावा कन्हैया प्रसाद (आईआरबी), एसआई मोहन रविदास, एसआई रामाकांत गुप्ता, पुलिस लाइन के जवान राजेश झा, कृष्णा मुरारी, लोबिन मुर्मू, गिरिवर प्रसाद, सत्यम कुमार और जवाहर उरांव भी घायल हुए हैं.
इनमें से तीन जवानों सलेंद्र कुमार सिंह, तिलेस्फर लकड़ा और रामकिशोर उरांव को बेहतर इलाज के लिए रिम्स रेफर किया गया है. जबकि इस झड़प में संदीप उरांव, निरंजन उरांव समेत कई महिला व पुरूष ग्रामीण घायल हुए हैं.

ड्रोन का इस घटना से कोई लेना देना नहीं है : ग्रामीण
पुलिस का कहना है कि ग्रामीणों ने एक माह पहले कोयला खनन के लिए सर्वे करा रही कंपनी का ड्रोन जब्त कर लिया था. पुलिस गांव में उस ड्रोन को छुड़ाने गयी थी. इसी दौरान ग्रामीणों ने उन पर पत्थरों से हमला कर दिया.
हालांकि इस संबंध में जब ग्रामीणों से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि ड्रोन का इस घटना से कोई लेना देना नहीं है. उन्होंने बताया कि ग्रामीणों ने एक डेढ़ महीने पहले कंपनी का ड्रोन जब्त किया था.
उनका कहना है कि कि अगर कंपनी ड्रोन खरीद की रसीद, ऑपरेटर का लाइसेंस और ग्रामसभा का अनुमति पत्र दिखा देती है तो उन्हें ड्रोन दे दिया जायेगा. ग्रामीणों ने बताया कि गुरूवार रात की घटना गांव के दो युवकों को पकड़ कर ले जाने और ग्रामीणों पर लाठीचार्ज करने के बाद घटी है.
घटना के बाद पुलिस के वरीय अधिकारी गांव पहुंचे
गुरूवार की रात ग्रामीणों द्वारा पुलिस वाहन व पुलिस के अधिकारी व जवानों को रोक कर रखे जाने की सूचना मिलते ही पुलिस गांव पहुंची. एसडीपीओ अरविंद कुमार के नेतृत्व में महिला व पुरूष पुलिस बल रात में ही गांव में पहुंच गयी थी.
ग्रामीणों ने थाना प्रभारी प्रमोद कुमार सिन्हा व एसआई राजेश कुमार समेत कुल आठ जवानों को गांव में ही रोक कर रखा था. इस घटना के बाद पुलिस महकमा में हड़कंप मच गया.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें


Leave a Comment