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मोदी तो बहाना हैं, इनकी आंखों में हम खटकते थे : गुलाम नबी

New Delhi : गुलाम नबी आजाद ने कांग्रेस से इस्तीफा देने के बाद लग रहे आरोपों पर टिप्पणी की है. उन्होंने कहा है कि घर वालों ने घर छोड़ने को मजबूर किया. जब घर वाले पराया समझने लगे तो आपको भी घर छोड़ देना चाहिए. उन्होंने कहा कि बीजेपी से वो मिले हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश का सपना पूरा किया है. आजाद ने कहा कि `मोदी तो बहाना हैं, इनकी आंखों में हम खटकते हैं.` उन्होंने कहा कि जो शख्स (राहुल गांधी) अपनी स्पीच खत्म करने के बाद भरी सदन में पीएम से गले मिले, तो बताएं कि वे मिले हैं या मैं मिला हूं? उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के गार्ड कांग्रेस पार्टी चला रहे हैं. जी23 की चिट्ठी लिखे जाने के बाद से उनका मेरे साथ विवाद है. वे कभी नहीं चाहते थे कि कोई उन्हें लिखे, उनसे सवाल करे... कई बैठकें हुईं, लेकिन एक भी सुझाव नहीं लिया गया.
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अपना डीएनए चेक करवाएं जयराम रमेश

आजाद ने कहा- पहले वे (जयराम रमेश) अपना डीएनए चेक करवाएं कि कहां के हैं और किस पार्टी से हैं, वह देखें कि उनका डीएनए किस-किस पार्टी में रहे हैं. बाहर के लोगों को कांग्रेस का अता-पता नहीं है. चापलूसी और ट्विट कर जिन्हें पद मिले, अगर वे आरोप लगाएं तो हमें दुख होता है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस को बचाने के लिए दुआ की नहीं दवा की जरूरत है और उनके पास डॉक्टर नहीं कंपाउंडर है. चापलूसी और ट्विट कर जिन्हें पद मिले अगर वे आरोप लगाएं तो हमें दुख होता है.

आज कांग्रेस वर्किंग कमेटी बेकार है

उन्होंने कहा कि राहुल गांधी में राजनीतिक कौशल की कमी है और सियासत में एंट्री के बाद से ही कांग्रेस की यह स्थिति हुई है। उन्होंने कहा कि आज के दौर में तो कांग्रेस वर्किंग कमेटी का भी कोई मतलब नहीं रह गया है. उन्होंने कहा, `आज कांग्रेस वर्किंग कमेटी बेकार है. सोनिया गांधी के दौर में सिर्फ CWC होती थी. लेकिन बीते 10 सालों में इसके 25 सदस्य हो गए हैं और 50 विशेष आमंत्रित सदस्य भी होते हैं.` उन्होंने गांधी परिवार से अपने रिश्तों को याद करते हुए कहा कि इंदिरा गांधी, राजीव गांधी और सोनिया गांधी सबको साथ लेकर और सबकी सहमति से सियासत करने में यकीन करते थे. लेकिन राहुल गांधी के साथ ऐसा नहीं है.
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