Ranchi: नेशनल ओरल हेल्थ प्रोग्राम के तहत बुधवार को रांची के नामकुम स्थित इंस्टिट्यूट ऑफ पब्लिक हेल्थ के सभागार में एक दिवसीय राज्य स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यशाला में राज्य के विभिन्न जिलों से आए डेंटल हाइजीनिस्ट और डेंटल सहायकों ने भाग लिया. प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को आधुनिक दंत चिकित्सा पद्धतियों एवं ओरल हेल्थ मैनेजमेंट के विभिन्न आयामों के बारे में जानकारी दी गई.

कार्यशाला का संचालन एनसीडी के राज्य नोडल पदाधिकारी डॉ. लाल मांझी ने किया. उन्होंने ओरल कैंसर की रोकथाम, मुख स्वच्छता के मानकों तथा दंत चिकित्सा सेवाओं के दौरान डेंटल सहायकों और हाइजीनिस्टों की भूमिका एवं उत्तरदायित्वों के बारे में बताया. कहा कि मुंह कैंसर की समय पर पहचान और नियमित जांच से गंभीर जटिलताओं को काफी हद तक रोका जा सकता है.
कार्यक्रम के सफल आयोजन में राज्य कार्यक्रम सहायक धीरज कुमार तथा प्रशिक्षण कोषांग की राज्य नोडल पदाधिकारी डॉ. पुष्पा की महत्वपूर्ण भूमिका रही. प्रशिक्षण सत्र में तकनीकी विशेषज्ञ के रूप में रामगढ़ जिले के वरीय दंत चिकित्सक डॉ. विकास, रांची सदर अस्पताल के डॉ. राज, खूंटी के डॉ. राजीव रंजन तथा रांची कैंसर केयर फाउंडेशन की वरीय दंत चिकित्सक डॉ. गरिमा सिन्हा ने प्रतिभागियों को व्यावहारिक एवं तकनीकी जानकारी दी.
विशेषज्ञों ने बताया कि सही क्लिनिकल हाइजीन, जागरूकता और प्रारंभिक जांच की व्यवस्था को मजबूत कर समाज में मौखिक स्वास्थ्य के स्तर को बेहतर बनाया जा सकता है. उन्होंने कैंसर नियंत्रण कार्यक्रमों के साथ समन्वय स्थापित कर ओरल हेल्थ सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने पर भी बल दिया.
कार्यशाला में अन्य तकनीकी पदाधिकारी भी उपस्थित रहे. कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण को उपयोगी बताते हुए इसे सेवा गुणवत्ता सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें



Leave a Comment