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नोएडा इंजीनियर मौत मामला, राहुल गांधी ने कहा, व्यवस्था के पतन का कारण जवाबदेही तय नहीं किया जाना

New Delhi  कांग्रेस सांसद व लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने ग्रेटर नोएडा के सेक्टर-150 में पानी से भरे  गड्ढे में डूबकर युवा इंजीनियर की दर्दनाक मौत होने की घटना पर भाजपा सरकार पर हल्ला बोला है. राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि शहरी इलाकों में व्यवस्था के पतन का मुख्य कारण किसी भी तरह की जवाबदेही तय नहीं किया जाना है.

 

 

 
जान लें कि शनिवार को इंजीनियर युवराज मेहता की कार ग्रेटर नोएडा के सेक्टर 150 में निर्माणाधीन व्यावसायिक परिसर के बेसमेंट में निर्माणाधीन गहरे गड्ढे में गिर गयी थी. यह पानी से भरा हुआ था. इस हादसे में युवा  इंजीनियर की मौत हो गयी थी.
 

इस घटना को लेकर राहुल गांधी ने अपने एक्स हैंडल पर लिखा,  भारत में सड़कें, पुल, आग, पानी, प्रदूषण, भ्रष्टाचार और उदासीनता सभी जानलेवा बन गयी हैं देश में शहरी पतन हो रहा है. यह प्रौद्योगिकी या समाधानों की कमी के कारण नहीं, बल्कि यह जवाबदेही की कमी के कारण है. 


समाचार एजेंसी आईएएनएस के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलासा हुआ है कि 27 वर्षीय इंजीनियर युवराज मेहता की मौत दम घुटने से हुई है. रिपोर्ट में हार्ट फेलियर/कार्डियक अरेस्ट को भी मौत का एक कारण बताया गया है.  जानकारी के अनुसार शनिवार रात नोएडा में कड़ाके की सर्दी पड़ रही थी.  जिस बेसमेंट में युवराज की कार गिरी थी, वहां पानी भरा हुआ था.


पानी बर्फ की तरह ठंडा था. हादसे के बाद युवराज काफी देर तक ठंडे पानी में रहा. वह लगभग दो घंटे तक पानी के बीच फंसी अपनी कार पर खड़ा रहकर मदद की गुहार लगाता रहा.  इसी बीच उसकी हालत लगातार बिगड़ने लगी. पुलिस के अनुसार लंबे समय तक ठंडे पानी में रहने, अत्यधिक ठंड और मानसिक तनाव के कारण युवराज की तबीयत काफी खराब हो गयी और उसकी मौत हो गयी.


 इंजीनियर की मौत के बाद हादसे के जिम्मेदार बिल्डर अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिये जाने की खबर है. योगी सरकार ने सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत के मामले में SIT गठित की है. आज बुधवार को मेरठ जोन के ADG के नेतृत्व में गठित तीन सदस्यीय SIT ने नोएडा प्राधिकरण कार्यालय में समीक्षा बैठक की. उन्होंने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया. 
 

 योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिया है कि SIT  5 दिनों में विस्तृत रिपोर्ट जमा करे.  जानकारी के अनुसार पुलिस ने एम्सड विशटाउन और लोटस ग्रीन कंपनियों के खिलाफ FIR दर्ज की है. एम्सड विशटाउन के मालिक अभय कुमार को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है. SIT की जांच में घटनास्थल पर बैरिकेडिंग सहित चेतावनी संकेत नदारद पाये गये हैं.


जानकारी के अनुसार प्रशासन ने  जिले के सभी खतरनाक गड्ढों पर स्थायी रूप से  बैरिकेडिंग करने  रिफ्लेक्टिव मार्कर और उचित प्रकाश व्यवस्था करने के  आदेश दिये हैं. इसके अलावा SDRF और NDRF को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे आपात स्थिति में किसी को भी तुरंत रेस्क्यू किया जा सके.


 

 

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