Search

पंचायती राज विभागः न पंचायत मजबूत हुआ, न सांसद आदर्श ग्राम योजना ही पूरी हुई

  • 15वें वित्त आयोग से मिले 707 करोड़ रुपए नहीं हो पाए खर्च
  • ग्राम पंचायतों के विकास के लिए मिले थे 1168 करोड़, खर्च हुए सिर्फ 422 करोड़
  • चार जिलों के चार पंचायतों में सांसद आदर्श ग्राम की आधी योजना भी पूरी नहीं
Ranchi : झारखंड में पंचायती राज विभाग पंचायतों का सुदृढ करने में भी विफल रहा है. पिछले चार साल में न पंचायत सुदृढ़ हुए और न ही सांसद आदर्श ग्राम की योजना पूरी हो पाई. 15वें वित्त आयोग के तहत पंचाती राज विभाग को 1307 करोड़ रुपए मिले थे. जिसमें 599.54 करोड़ रुपए ही खर्च हो पाए. 707.45 करोड़ रुपए खर्च नहीं हो पाए. इसी तरह राज्य सरकार ने पंचायत भवनों का निर्माण, रिपयेरिंग सहित अन्य जीर्णोद्धार के लिए 50 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत की थी, जिसमें 1.71 करोड़ रुपए ही खर्च हो पाए. 49 करोड़ से अधिक की राशि खर्च नहीं हो पाई. पंचायत सचिवालय के सुदृढ़ीकरण के लिए 80 करोड़ रुपए की स्वीकृति दी गई थी, इसमें से 34.20 करोड़ रुपए ही खर्च हो पाए. 45.80 करोड़ रुपए खर्च नहीं हुए.

चार जिलों में सांसद आदर्श ग्राम योजना का काम पूरा नहीं

चार जिलों के चार पंचायतों में सांसद आदर्श ग्राम योजना का भी काम पूरा नहीं हो पाया. पूर्वी सिंहभूम के घाटशिला पंचायत में सांसद आदर्श ग्राम योजना के तहत 196 योजनाएं ली गई थीं, इसमें से सिर्फ दो योजनाएं ही पूरी हुई. 29 योजनाओं पर काम जारी है. गुमला के विशुनपुर में 105 योजनाएं ली गई थी, इसमें से 66 योजनाओं का काम पूरा हुआ. 17 योजनाओं में काम चल रहा है. गोड्डा के बोहा पंचायत में 41 योजनाओं में से 31 पूरे किए गए. फिलहाल सात योजनाओं में काम चल रहा है. सरायकेला-खरसांवा के चालयिमा ग्राम पंचायत में 132 योजनाएं ली गई. इसमें से सिर्फ चार योजनाओं का काम पूरा हुआ. फिलहाल 10 योजनाओं पर काम चल रहा है.

जिला परिषद को मिली राशि में से 194.26 करोड़ खर्च नहीं

जिला परिषद को विकास योजनाओं के लिए 236.313 करोड़ रुपए मिले थे. इसमें से 42.053 करोड़ रुपए ही खर्च हो पाए. 194.26 करोड़ रुपए खर्च नहीं हो पाए. इसी तरह प्रखंडों को विभिन्न योजनाओं के लिए 279.212 करोड़ रुपए मिले थे, इसमें से 77.731 करोड़ रुपए ही खर्च किए गए. शेष 201.481 करोड़ रुपए खर्च नहीं हो पाए. वहीं राज्यभर के ग्राम पंचायतों को विभिन्न योजनाओं के तहत 1168.97 करोड़ रुपए मिले थे, जिसमें से 422.47 करोड़ रुपए ही खर्च किए गए. शेष 746.923 करोड़ रुपए खर्च नहीं हो पाए.

फैक्ट फाइल

जिला परिषद : राशि मिलीः 236.313 करोड़, खर्च हुआः 42.053 करोड़ प्रखंडः राशि मिली : 279.212 करोड़ रुपए, खर्च हुआः 77.731 करोड़ रुपए ग्राम पंचायत : राशि मिली : 1168.97 करोड़ रुपए, खर्च हुआः 422.47 करोड़ रुपए 15वें वित्त आयोग के तहत कुल 1307 करोड़ रुपए मिले, खर्च हुए सिर्फ 599.54 करोड़ रुपए पंचायत सचिवालय के सुदृढ़ीकरण के लिए 80 करोड़ रुपए की स्वीकृति मिली, खर्च हुए 34.20 करोड़ रुपए इसे भी पढ़ें : बड़ी">https://lagatar.in/iranian-president-ebrahim-raisi-dies-in-helicopter-crash-pm-modi-expresses-grief/">बड़ी

खबर : हेलिकॉप्टर क्रैश में ईरान के राष्ट्रपति इब्राहिम रईसी समेत नौ की मौत, पीएम मोदी ने जताया दुख
[wpse_comments_template]

बेहतर अनुभव व ज्यादा खबरों के लिए ऐप पर जाएं

ऐप डाउनलोड करने के लिए QR स्कैन करें
Scan QR Code
Available on App Store & Play Store
Download for Android Download for iOS

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

बेहतर न्यूज़ अनुभव
ब्राउज़र में ही
//