Search

धर्म के नाम पर नहीं, शिक्षा व रोजगार के मुद्दे पर होनी चाहिए राजनीति: इरफान अंसारी

Ranchi: झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि आज देश में लोगों को जानबूझकर मंदिर और मस्जिद के मुद्दों में उलझाया जा रहा है, जबकि असली समस्याएं शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार हैं. उन्होंने कहा कि इतिहास गवाह है कि जब-जब समाज को बांटने की राजनीति हुई है, उसका सबसे ज्यादा नुकसान गरीबों, दलितों, आदिवासियों और अल्पसंख्यकों को ही उठाना पड़ा है.

 

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि अंग्रेजों ने भी इसी नीति के तहत दलितों, आदिवासियों और अल्पसंख्यकों को आपस में लड़ाकर शासन किया था और आज वही काम भाजपा कर रही है. भाजपा गरीबों को आपस में बांटकर सत्ता में बने रहना चाहती है. उन्होंने कहा कि अगर कोई कोर्ट, थाना या जेल जाकर देखे तो वहां ज्यादातर गरीब तबके के लोग ही मिलेंगे, सत्ता में बैठे लोगों के बेटे-बेटियां वहां नजर नहीं आएंगे.

 

डॉ. अंसारी ने कहा कि एक दिन देश के लोगों को यह जरूर समझ में आएगा कि धर्म के नाम पर लड़ते-लड़ते हम शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसे बुनियादी अधिकारों से वंचित रह गए. उन्होंने कहा कि पहले अंग्रेजों ने हमें कुचला और आज वही काम भाजपा कर रही है.

 

उन्होंने साफ कहा कि देश को मंदिर-मस्जिद की राजनीति नहीं, बल्कि बेहतर स्कूल, अच्छे अस्पताल और रोजगार चाहिए. यही असली मुद्दे हैं, लेकिन भाजपा जानबूझकर लोगों का ध्यान भटकाकर समाज को बांटने का काम कर रही है.

 

स्वास्थ्य मंत्री ने आरोप लगाया कि भाजपा नेताओं पर शायद ही कभी कोई कार्रवाई होती है, जबकि दलितों, आदिवासियों और मुसलमानों पर आसानी से मुकदमे दर्ज कर दिए जाते हैं. उन्होंने कहा कि यह असमानता लोकतंत्र के लिए खतरनाक है.

 

अपने संबोधन के अंत में डॉ. इरफान अंसारी ने खास तौर पर युवाओं से अपील करते हुए कहा कि वे भाजपा के बहकावे में न आएं. अपने भविष्य को पहचानें, अपने अधिकारों के लिए जागरूक हों और शिक्षा, रोजगार व सम्मान की लड़ाई को ही प्राथमिकता दें.

 

 

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp