स्टालिन दोबारा चुने गये डीएमके के अध्यक्ष)
अंतिम दर्शन के लिए रखा जायेगा पार्थिव शरीर
जानकारी के अनुसार, भंवरलाल शर्मा के पार्थिव शरीर को उनके हनुमान नगर स्थित आवास पर लाया गया है. उनके पार्थिव शरीर को विद्याधर नगर ब्राह्मण महासभा भवन में अंंतिम दर्शन के लिए रखा जायेगा. भंवरलाल शर्मा का अंतिम संस्कार कल यानी सोमवार को सरदारशहर में किया जायेगा. इसे भी पढ़ें : चंद्रशेखर">https://lagatar.in/chandrashekhar-rao-accused-of-doing-witchcraft-was-the-black-cat-used/">चंद्रशेखरराव पर ‘जादू-टोना’ करने का आरोप, क्या काली बिल्ली का हुआ इस्तेमाल
सीएम अशोक गहलोत ने भंवरलाल शर्मा के निधन पर जताया शोक
कांग्रेस विधायक भंवरलाल शर्मा के निधन की खबर के बाद राजनीतिक गलियारे में शोक की लहर है. राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत ने भंवरलाल शर्मा के निधन पर शोक व्यक्त किया है. अशोक गहलोत ने ट्वीट कर लिखा कि सरदारशहर (चूरू) से कांग्रेस विधायक श्री भंवरलाल शर्मा के निधन पर मेरी गहरी संवेदनाएं. काफी समय से वो अस्वस्थ चल रहे थे, उनके स्वास्थ्य को लेकर मैं उनके परिवारजनों के संपर्क में था, कल रात एसएमएस अस्पताल पहुंचकर चिकित्सकों से जानकारी ली और परिवार से मुलाकात भी की थी. ईश्वर से प्रार्थना है कि शोकाकुल परिजनों को इस बेहद कठिन समय में संबल प्रदान करें एवं दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें.सरदारशहर (चूरू) से कांग्रेस विधायक श्री भंवरलाल शर्मा के निधन पर मेरी गहरी संवेदनाएं। काफी समय से वो अस्वस्थ चल रहे थे, उनके स्वास्थ्य को लेकर मैं उनके परिवारजनों के सम्पर्क में था, कल रात एसएमएस अस्पताल पहुंचकर चिकित्सकों से जानकारी ली और परिवार से मुलाकात की थी। pic.twitter.com/3DZXVC1lK2
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9, 2022
भंवरलाल ने 17 की उम्र में राजनीति में रखा था कदम
भंवरलाल शर्मा का जन्म राजस्थान के चूरू जिले के सरदारशहर के जैतसीसर गांव में 17 अप्रैल 1945 को हुआ था. उन्होंने 17 साल की उम्र में ही राजनीति में कदम रखा था. सबसे पहले 1962 में कांग्रेस विधायक ने सरदारशहर की जैतसीसर ग्राम पंचायत के सरपंच बने. वे 1982 तक गांव के सरपंच रहे. इसके बाद 1982 में वे सरदारशहर पंचायत समिति के प्रधान चुने गये. 1985 में भंवरलाल शर्मा ने लोकदल से पहला राजस्थान विधानसभा चुनाव लड़ा और जीतकर विधायक बने. विधायक बनने के बाद शर्मा ने जनता दल पार्टी जॉइन की. 1990 में भंवरलाल शर्मा दूसरी बार विधायक बने. दूसरी बार विधायक बनने पर भंवरलाल शर्मा को राजस्थान में इंदिरा गांधी नहर परियोजना मंत्री बनाया गया. फिर उन्होंने 1996 में राजस्थान विधानसभा उपचुनाव जीता. इसके बाद भंवरलाल शर्मा ने साल 1998, 2003, 2013 और 2018 के चुनाव में कांग्रेस की टिकट पर विधायक बने. इसे भी पढ़ें : कोडरमा">https://lagatar.in/koderma-organized-two-day-workshop-at-sacred-heart-school-instructor-guides-teachers-and-students/">कोडरमा: सेक्रेड हार्ट स्कूल में दो दिवसीय वर्कशॉप का आयोजन, प्रशिक्षक ने शिक्षकों और छात्रों का किया मार्गदर्शन
सरदारशहर सीट से 7 बार विधायक चुने गये थे भंवरलाल
राजस्थान के पूर्व कैबिनेट मंत्री भंवरलाल शर्मा कांग्रेस का ब्राह्मण चेहरा माने जाते थे. लेकिन वह लगातार अशोक गहलोत के खिलाफ बगावत का झंडा उठाये रहे. भंवरलाल शर्मा चूरू जिले की सरदारशहर सीट से 7 बार विधायक चुने गये थे. इसके बावजूद वे एक बार भी गहलोत सरकार में मंत्री नहीं बन सके. भंवरलाल शर्मा के 30 साल के राजनीतिक सफर के दौरान प्रदेश की सरकारों पर तीन बार संकट गहराया था. इस कठिन समय में भंवरलाल शर्मा ने संकटमोचक की भूमिका निभायी थी. 1998 में जब राजस्थान में कांग्रेस की सरकार बनी, तब भी उन्होंने अहम भूमिका निभाई थी. इसे भी पढ़ें : साउथ">https://lagatar.in/south-african-cricketer-david-millers-close-friend-dies-emotional-note-written-for-the-girl-from-ranchi/">साउथअफ्रीका के क्रिकेटर डेविड मिलर की करीबी का निधन, रांची से बच्ची के लिए लिखा इमोशनल नोट [wpse_comments_template]

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