Lagatar Desk : सुप्रीम कोर्ट ने असम के सीएम हिमंता बिस्व सरमा के कथित बयानों को लेकर एसआईटी जांच व एफआईआर दर्ज करने की मांग वाली याचिकाओं पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया है. मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने संबंधित हाईकोर्ट को याचिकाकर्ताओं की याचिकाओं पर शीघ्र सुनवाई करने का निर्देश दिया है.
हाईकोर्ट की शक्तियों को कम नहीं आंकने की चेतावनी
खंठपीठ ने सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ताओं को हाईकोर्ट के अधिकार क्षेत्र को नजरअंदाज नहीं करने और उनकी शक्तियों को कम नहीं आंकने की चेतावनी दी है. अदालत ने स्पष्ट किया कि याचिकाकर्ता संबंधित हाईकोर्ट का रुख करने के लिए स्वतंत्र हैं. यह भी कहा कि अगर याचिकाकर्ता हाईकोर्ट के फैसले से संतुष्ट नहीं होंगे, तो वे सर्वोच्च न्यायालय में अपील कर सकते हैं.
असम बीजेपी के पोस्ट को लेकर हुआ था विवाद
बता दें कि असम के सीएम के जिस वीडियो को लेकर याचिका दायर की गई थी, उसे असम बीजेपी ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट किया था. हालांकि बाद में इस पोस्ट को हटा लिया गया था. वीडियो में कथित तौर पर मुख्यमंत्री को राइफल से निशाना साधते और दो लोगों पर गोली चलाते हुए दिखाया गया था. कैप्शन में ‘पॉइंट-ब्लैंक शॉट’ लिखा था.
कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं को हाईकोर्ट में जाने की दी सलाह
वरिष्ठ वकील एएम सिंघवी ने अदालत में दलील दी कि मामला संविधान के अनुच्छेद 32 के तहत आता है, इसलिए सुप्रीम कोर्ट को सुनवाई करनी चाहिए. उन्होंने मामले की जांच के लिए एसआईटी (विशेष जांच दल) गठित करने की मांग भी की. हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं को पहले संबंधित हाईकोर्ट में जाने की सलाह दी .
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें



Leave a Comment