Medininagar (Palamu): टीबी मरीज के लिए अलग से व्यवस्था रहती है, लेकिन मेदिनीनगराय मेडिकल कालेज में ऐसी व्यवस्था नहीं है. इससे सामान्य मरीजों को परेशानी होती है. जबकि राज्य सरकार के निर्देश के अनुसार प्रत्येक जिले में कम से कम 10 बेड होना जरूरी है. इस मामले पर पलामू के सिविल सर्जन डॉ अनील कुमार सिंह ने बताया कि अस्पताल में टीबी क्लीनिकल बेड उपलब्ध नहीं है. जो भी मरीज आते हैं उन्हें जेनरल वार्ड में भर्ती किया जाता है. CS ने कहा कि जो सीरियस मरीज रहते हैं उन्हें रांची भेज दिया जाता है. वैसे मरीजों को रांची के इटकी यक्ष्मा अस्पताल में भर्ती कराया जाता है. कहा कि पलामू जिले में 3555 मरीज टीबी के हैं. प्रत्येक महीने 500 रुपये दिये जाते हैं. ताकि वे पौष्टिक आहार ले सकें. सीएस ने कहा कि जल्द ही अस्पताल में 10 बेड के टीबी क्लीनिकल बेड की व्यवस्था की जाएगी. इसके लिए जिला यक्ष्मा पदाधिकारी को निर्देशित किया गया है.
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स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्रालय के अपर मुख्य सचिव अरुण कुमार सिंह ने उपायुक्त व सिविल सर्जन को लिखे पत्र में कहा है कि जिला स्तर पर सभी स्वीकृत पदों के विरुद्ध जनवरी 22 तक सारी नियुक्ति को पूर्ण कर लिया जाए. 2025 तक टीबी मुक्त जिला करने के लिए 31 दिसंबर 2021 तक प्रखंड व जिला स्तर पर टास्क फोर्स की कम से कम एक बैठक की जानी चाहिए. जिला यक्ष्मा पदाधिकारी क्षेत्र भ्रमण कर सभी ब्लॉक व टीबी यूनिट का मासिक अनुश्रवण और पर्यवेक्षण करेंगे.
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