फरवरी से बीएयू में तीन दिवसीय किसान मेला का आयोजन, लगेगी प्रदर्शनी
प्रतियोगिता परीक्षाओं में जनजाति और क्षेत्रीय भाषा को हटा दिया गया
विरोध कर रहे छात्रों ने कहा कि प्रतियोगिता परीक्षाओं में जनजाति और क्षेत्रीय भाषा को हटा दिया गया है. केवल हिंदी और अंग्रेजी में परीक्षा ली जायेगी, जो झारखंडी हित में नहीं है. हम इतने दिनों से जनजाति और क्षेत्रीय भाषा की तैयारी करते आये हैं अब अंग्रेजी में परीक्षा देनी होगी, तो हम कैसे पास कर पाएंगे. ऐसे भी हमारा उम्र बढ़ता चला जा रहा है और सरकार जो भी नियम लागू करती है वह हमारे हित में नहीं होती है. तो फिर इसे लागू क्यों करती है. हमारी सरकार से मांग है कि अभी जो नियम लागू करने जा रही है इस पर फिर से विचार करें और झारखंडी छात्रों के हित में काम करें. इसे भी पढ़ें - रामसेतु">https://lagatar.in/supreme-court-to-hear-pil-of-subramanian-swami-related-to-ram-setu-in-february/">रामसेतुसे जुड़ी सुब्रमण्यन स्वामी की जनहित याचिका पर फरवरी में सुनवाई करेगा सुप्रीम कोर्ट
हाईकोर्ट ने नियोजन नीति को रद्द कर दिया है
बता दें कि पिछले महीने झारखंड हाई कोर्ट द्वारा झारखंड के नियोजन नीति को रद्द कर दिया गया है. जिसके बाद से छात्र लगातार आंदोलन कर रहे है. अब नई नीति की घोषणा की गई है. इस घोषणा के विरोध में भी छात्र फिर से एकजुट होते नजर आ रहे हैं. इसे भी पढ़ें - विधानसभा">https://lagatar.in/assembly-speakers-conference-vice-president-dhankhar-said-why-should-the-supreme-court-interfere-in-the-works-of-the-parliament/">विधानसभास्पीकर्स का सम्मेलन : उपराष्ट्रपति धनखड़ ने कहा, संसद के कामों में सुप्रीम कोर्ट का हस्तक्षेप क्यों? [wpse_comments_template]

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