Search

 
 
 

क्या अब अमेरिका तय करेगा भारत किससे तेल खरीदे, इरफान अंसारी ने केंद्र से मांगा जवाब

झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने देश की विदेश नीति और केंद्र सरकार की कार्यशैली को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि आज देश की स्थिति देखकर हर स्वाभिमानी भारतीय का सिर झूकने को मजबूर हो रहा है.
 

Ranchi: झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने देश की विदेश नीति और केंद्र सरकार की कार्यशैली को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि आज देश की स्थिति देखकर हर स्वाभिमानी भारतीय का सिर झूकने को मजबूर हो रहा है. क्या भारत जैसा शक्तिशाली और आत्म-सम्मानी देश इस हालत में आ गया है कि कोई दूसरा देश यह तय करे कि भारत किससे तेल खरीदे और किससे नहीं.

 

भारत की संप्रभुता का मजाक नहीं ?

इरफान अंसारी ने कहा कि देश जानना चाहता है कि क्या अब अमेरिका यह तय करेगा कि भारत रूस से तेल खरीदे या नहीं. उन्होंने सवाल उठाया कि तीस दिन की मोहलत देकर क्या अमेरिका भारत की संप्रभुता का मजाक नहीं उड़ा रहा है. क्या हम इतने कमजोर हो गए हैं कि हमें अपने आर्थिक फैसलों के लिए किसी और की अनुमति लेनी पड़े.

 

उन्होंने कहा कि भारत और रूस के रिश्ते दशकों पुराने हैं. यह दोस्ती किसी दबाव या डर से नहीं बनी, बल्कि विश्वास और आपसी सम्मान के आधार पर खड़ी है. ऐसे में यह सवाल उठता है कि आज भारत को किसी और की शर्तें क्यों माननी पड़ रही हैं.

 

सरकार की चुप्पी क्यों?

इरफान अंसारी ने समुद्री क्षेत्र में विदेशी प्रतिनिधियों पर हमले की घटनाओं को भी गंभीर बताया. उन्होंने कहा कि अगर प्रधानमंत्री के बुलावे पर देश में आए विदेशी मेहमानों या प्रतिनिधियों पर समुद्री क्षेत्र में हमला होता है, तो यह केवल उन पर हमला नहीं बल्कि भारत की प्रतिष्ठा और विश्वास पर भी हमला है. उन्होंने कहा कि देश यह भी जानना चाहता है कि ऐसी घटनाओं पर सरकार की चुप्पी क्यों है.

 

उन्होंने कहा कि अगर ऐसी स्थिति बनी रही तो खाड़ी देशों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार से जुड़े लोग भारत आने से डरेंगे. इसका सीधा असर तेल के आयात-निर्यात और देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा और अंत में इसकी कीमत आम जनता को चुकानी पड़ेगी.

 

भारत किसी के दबाव में आने वाला देश नहीं

स्वास्थ्य मंत्री ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी से भी इस मुद्दे पर पहल करने की अपील की. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की चुप्पी से देश के लोग अपने आप को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं. देश की गरिमा और स्वाभिमान की रक्षा के लिए दिल्ली में एक बड़ी बैठक बुलाकर ठोस रणनीति बनाई जानी चाहिए और दुनिया को साफ संदेश देना चाहिए कि भारत किसी के दबाव में आने वाला देश नहीं है.

 

बांटने से देश मजबूत नहीं होता

इरफान अंसारी ने कहा कि देश को हिंदू-मुसलमान के नाम पर बांटने से देश मजबूत नहीं होता. देश मजबूत होता है एकता, भाईचारे और स्वाभिमान से. उन्होंने आरोप लगाया कि आज देश की असली समस्याओं से ध्यान हटाने के लिए समाज में नफरत का माहौल बनाया जा रहा है.

 

भारत की स्वतंत्र, निर्भीक विदेश नीति

उन्होंने कहा कि भारत कभी किसी के सामने झुकने वाला देश नहीं रहा है. इतिहास गवाह है कि जब भी देश के सम्मान पर चोट हुई है, तब भारत ने दुनिया को अपनी ताकत दिखाई है. उन्होंने कहा कि जिस तरह पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने विश्व मंच पर भारत की स्वतंत्र और निर्भीक विदेश नीति का परिचय दिया था, आज उसी साहस और आत्म-सम्मान की जरूरत है.

 

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें

 

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही