Search

 
 
 

कृषि मंत्री ने चार सरना–मसना स्थलों का किया शिलान्यास

कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने बुधवार को बेड़ो प्रखंड में चार सरना–मसना स्थलों की घेराबंदी योजना का शिलान्यास किया. पंडरा, जमुनी और रोगो गांव शामिल है जिसमें पंडरा मसना स्थल- 18.70 लाख रुपय, जमुनी सरना स्थल-24.76 लाख रुपय, जमुनी मसना स्थल- 11.40 लाख रूपये, रोगो मसना स्थल-16.45 लाख रुपय सरकार की इस पहल से ग्रामीणों की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान को संरक्षित किया जाएगा.
 

Ranchi : कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने बुधवार को बेड़ो प्रखंड में चार सरना–मसना स्थलों की घेराबंदी योजना का शिलान्यास किया. पंडरा, जमुनी और रोगो गांव शामिल है जिसमें पंडरा मसना स्थल- 18.70 लाख रुपय, जमुनी सरना स्थल-24.76 लाख रुपय, जमुनी मसना स्थल- 11.40 लाख रूपये, रोगो मसना स्थल-16.45 लाख रुपय सरकार की इस पहल से ग्रामीणों की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान को संरक्षित किया जाएगा.

 

मंत्री तिर्की ने कहा कि सरना–मसना स्थल हमारे समाज की परंपरा, संस्कृति और भावनाओं के केंद्र हैं. घेराबंदी के अभाव में इन धरोहरों पर अतिक्रमण बढ़ रहा है. सरकार की योजना और समाज की जागरुकता से इन पवित्र स्थलों की पहचान सुरक्षित रहेगी.

 

मडुआ खेती पर किसानों को मिलेगा 3,000 रुपये प्रति एकड़ प्रोत्साहन

उन्होंने ग्रामीणों से SIR सत्यापन में सहयोग करने की अपील की. मंत्री ने कहा कि BLO द्वारा घर–घर सत्यापन किया जा रहा है, इसलिए परिवार के हर सदस्य का सत्यापन कराना बेहद जरूरी है, ताकि मतदाता सूची में नाम सुनिश्चित रहे.

 

कृषि मंत्री ने बताया कि सरकार राज्य में मड़ुवा (रागी) उत्पादन को बढ़ावा दे रही है. इसके तहत किसानों को प्रति एकड़ ₹3,000 की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है. उन्होंने अधिक से अधिक किसानों को इसका लाभ लेने की अपील की.

 

मौके पर प्रखंड अध्यक्ष करमा उरांव, उपप्रमुख मुद्दसिर हक, बुध राम लोहरा, करमचंद भगत, चरवा उरांव, फहीम, शंभू बैठा, सुबल उरांव, बीरेंद्र उरांव, सामू मुंडा, मदन मुंडा, मांगरा मुंडा, शंकर मुंडा, टिपा मुंडा, केम्बा उरांव, सीरियल बाड़ला सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे.

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही