Ranchi: आजसू पार्टी ने अपने संगठनात्मक कार्यक्रमों को तेज कर दिया है. जिला सम्मेलनों के बाद पार्टी अब हर विधानसभा क्षेत्र में मिलन समारोह आयोजित कर रही है. इसका उद्देश्य कार्यकर्ताओं को बड़े राजनीतिक संघर्ष के लिए तैयार करना है.
खिजरी विधानसभा स्तरीय मिलन समारोह को गेतलसूद डैम के किनारे संबोधित करते हुए आजसू सुप्रीमो सुदेश महतो ने कहा कि राजनीति संघर्ष का मैदान है. राजनीतिक कार्यकर्ताओं को जनमुद्दों पर लगातार संघर्ष करते रहना चाहिए. राजनीति सिर्फ चुनाव का त्योहार नहीं, बल्कि सतत संघर्ष की प्रक्रिया है. झारखंड में एक बड़े वैचारिक और राजनीतिक संघर्ष की जरूरत है, जिसके लिए कार्यकर्ताओं को अभी से तैयारी करनी होगी.
उन्होंने कहा कि झारखंड की मौजूदा सरकार हर मोर्चे पर पूरी तरह विफल हो चुकी है. सरकार की हर योजना भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही है. युवाओं से किए गए वादे पूरे नहीं हुए. रोजगार, नियोजन, कानून-व्यवस्था और पलायन जैसे मुद्दों पर सरकार का खराब प्रदर्शन साफ नजर आ रहा है. लाखों रिक्त पदों पर पारदर्शी बहाली को लेकर सरकार आज तक कोई ठोस रोडमैप नहीं दे पाई है.
सुदेश महतो ने कहा कि युवाओं के सपनों को कुचल दिया गया है. विस्थापितों को उनका हक नहीं मिल रहा और पुनर्वास की प्रक्रिया ठप पड़ी है. आदिवासी, दलित और पिछड़े वर्ग के छात्रों को पिछले दो वर्षों से छात्रवृत्ति नहीं मिली है, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है. पेसा कानून के तहत ग्रामसभा की शक्तियों को कमजोर किया जा रहा है.
उन्होंने प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अंचल कार्यालय से लेकर थाने तक भ्रष्टाचार आम हो गया है. झारखंड की नौकरशाही अपनी सबसे निचली स्थिति में पहुंच चुकी है. आजसू पार्टी इस लड़ाई को खेत-खलिहानों से लेकर सचिवालय तक ले जाएगी और हर मुद्दे पर सशक्त एवं निरंतर संघर्ष करेगी.
सरकार ने युवाओं के सपनों को रौंदा : संजय मेहता
हजारीबाग लोकसभा के पूर्व प्रत्याशी एवं पार्टी महासचिव संजय मेहता ने कहा कि झारखंड निर्माण का दर्द आजसू सबसे ज्यादा महसूस करती है. हेमंत सरकार में विजन और रोडमैप का घोर अभाव है. हर जिले में भ्रष्टाचार चरम पर है और कोयला-बालू माफिया सरकारी संरक्षण में फल-फूल रहे हैं.
उन्होंने कहा कि 10 लाख नौकरियों का वादा पूरी तरह गायब हो चुका है. सरकार, प्रशासन और माफिया की सांठगांठ से विस्थापितों पर फर्जी मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं. आजसू अंतिम सांस तक विस्थापितों के साथ खड़ी रहेगी. राज्य का खजाना खाली है और वित्तीय संकट गहराता जा रहा है. 75 प्रतिशत स्थानीय आरक्षण और ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण देने के वादे भी खोखले साबित हुए हैं.
झारखंड बचाने की लड़ाई सबको लड़नी होगी : डोमन मुंडा
बुद्धिजीवी मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष डोमन सिंह मुंडा ने कहा कि झारखंड को बचाने की लड़ाई सबको मिलकर लड़नी होगी. हर बूथ पर वैचारिक कार्यकर्ताओं की टीम तैयार की जाएगी. सुदेश महतो में राज्य के नेतृत्व को नया आयाम देने की क्षमता है, इस संदेश को जन-जन तक पहुंचाना होगा.
उन्होंने बताया कि सभी 81 विधानसभा क्षेत्रों में बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत किया जा रहा है और प्रशिक्षण शिविरों के माध्यम से कार्यकर्ताओं को जनमुद्दों पर तैयार किया जा रहा है.
सैकड़ों युवाओं ने ली आजसू की सदस्यता
खिजरी सम्मेलन के दौरान आजसू पार्टी में सैकड़ों युवाओं ने सदस्यता ली. मेसरा अस्पताल के निदेशक कुदरत शेख के नेतृत्व में 50 युवाओं ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की.
इस मौके पर जिला परिषद अध्यक्ष निर्मला भगत, रांची जिला अध्यक्ष संजय महतो, जिला उपाध्यक्ष डॉ. अमित साहू, केंद्रीय सचिव राजेंद्र शाही मुंडा सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित थे, जिन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाया.
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