Ranchi: हरमू स्थित झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी के केंद्रीय महासचिव और प्रवक्ता सुप्रीयो भट्टचार्य ने चुनाव आयोग और भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि वर्तमान चुनावी प्रक्रियाएं लोकतंत्र के लिए खतरा बनती जा रही हैं.
प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर सवाल उठाया. उनका कहना था कि चुनाव आयोग इस प्रक्रिया को महामृत्युंजय मंत्र की तरह इस्तेमाल कर रहा है और इसके जरिए मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं. उन्होंने दावा किया कि अब तक करीब 12.5 लाख नाम काटे जा चुके हैं और आगे 20 लाख नाम और हटाने की योजना है. उन्होंने कहा कि सामान्य तौर पर फॉर्म 6, 7 और 8 के जरिए बदलाव होता है, लेकिन SIR का इस्तेमाल विरोधियों को चिन्हित करने के लिए किया जा रहा है.
भट्टाचार्य ने मकानों की गिनती और होल्डिंग नंबर मांगे जाने पर भी आपत्ति जताई. उन्होंने कहा कि जब पहचान और पते के लिए अन्य दस्तावेज उपलब्ध हैं तो मकान नंबर की जरूरत क्यों पड़ रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि इसके जरिए भाजपा समर्थकों और विरोधियों के घरों की पहचान की जा रही है. उन्होंने यह भी कहा कि संतुष्टि जैसे अपार्टमेंट्स का उदाहरण लेकर मतदाताओं के धर्म की पहचान करने और उन्हें वोटर लिस्ट से बाहर करने की साजिश की जा रही है.
पश्चिम बंगाल के चुनाव का जिक्र करते हुए उन्होंने वहां कि स्थिति को अघोषित आपातकाल बताया. उन्होंने कहा कि वहां 72 घंटे पहले मोटरसाइकिल पर अकेले चलने का आदेश दिया गया है ताकि लोग अपने परिवार को वोट डालने न ले जा सकें. उन्होंने यह भी दावा किया कि मतदान केंद्रों के 100 मीटर के दायरे को नो मैन्स लैंड बना दिया गया है और स्थानीय लोगों को उनके घरों से हटाकर स्कूलों में शिफ्ट किया गया है.
भारी सुरक्षा बलों की तैनाती को लेकर भी उन्होंने सवाल उठाए. उनका कहना था कि पूरे देश में जहां लगभग 3 लाख 5 हजार पैरामिलिट्री फोर्स लगती है, वहीं अकेले बंगाल में 2 लाख 45 हजार जवान तैनात किए गए हैं. उन्होंने जम्मू कश्मीर में इस्तेमाल होने वाली बख्तरबंद गाड़ियों को बंगाल में उतारने को भी डर का माहौल बनाने वाला कदम बताया.
उन्होंने कहा कि बंगाल केवल ट्रेलर है और अगला निशाना झारखंड हो सकता है. उनका आरोप था कि गुजरात और राजस्थान से माइक्रो ऑब्जर्वर बुलाए जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी इन सभी रणनीतियों को समझ चुकी है और झारखंड में इस तरह की किसी भी गुंडई या धांधली को नहीं चलने देगी.
संवैधानिक संस्थाओं पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि जब उनकी पार्टी चुनाव आयोग से सवाल करती है तो जवाब भाजपा मुख्यालय से आता है. उन्होंने देश के पहले मुख्य चुनाव आयुक्त सुकुमार सेन के समय हुए निष्पक्ष चुनावों को याद करते हुए वर्तमान स्थिति पर चिंता जताई. सुप्रीयो ने कहा कि आज मतदाता को यह महसूस होने लगा है कि केवल वोट देकर ही अपनी नागरिकता को सुरक्षित रखा जा सकता है, इसलिए इस बार बड़े पैमाने पर मतदान होने की संभावना है.
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