Search

 
 
 

सदन में आलोक कुमार चौरसिया ने सरकार को घेरा, बेरोजगारी व भ्रष्टाचार पर उठाए सवाल

Ranchi: झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान डाल्टनगंज के विधायक आलोक कुमार चौरसिया ने श्रम, कौशल विकास और उद्योग विभाग के कटौती प्रस्ताव के पक्ष में बोलते हुए राज्य सरकार की नीतियों पर तीखा हमला किया. उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं को रोजगार देने में विफल रही है और राज्य में बेरोजगारी लगातार बढ़ रही है.
 

Ranchi: झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान डाल्टनगंज के विधायक आलोक कुमार चौरसिया ने श्रम, कौशल विकास और उद्योग विभाग के कटौती प्रस्ताव के पक्ष में बोलते हुए राज्य सरकार की नीतियों पर तीखा हमला किया. उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं को रोजगार देने में विफल रही है और राज्य में बेरोजगारी लगातार बढ़ रही है.

 

सदन में बोलते हुए आलोक कुमार चौरसिया ने कहा कि जिस श्रम विभाग की जिम्मेदारी रोजगार देने की है, उसी विभाग की स्थिति बेहद खराब है. उन्होंने सरकार द्वारा पेश किए गए 1168.73 करोड़ रुपये के बजट पर सवाल उठाते हुए कहा कि पिछले एक साल में इसका लाभ युवाओं को जमीन पर मिलता नहीं दिख रहा है.

 

झारखंड विधानसभा के बजट सत्र की खबरों के लिए यहां क्लिक करें

 

उन्होंने कहा कि राज्य में रोजगार की कोई ठोस नीति नहीं होने के कारण झारखंड के युवा दूसरे राज्यों में पलायन करने को मजबूर हैं. उन्होंने पलामू और गढ़वा जैसे क्षेत्रों का जिक्र करते हुए कहा कि वहां बेरोजगारी चरम पर है और कई मजदूरों की लाशें दूसरे राज्यों से लौटती हैं, जो सरकार की विफलता को दर्शाता है.

 

विधायक ने सुझाव दिया कि पलामू क्षेत्र की बंद पड़ी खदानों को फिर से शुरू किया जाना चाहिए. उन्होंने सोकरा माइंस, कैमरा माइंस और तलतवा माइंस का उदाहरण देते हुए कहा कि यदि इन खदानों को चालू किया जाए तो स्थानीय युवाओं को रोजगार मिल सकता है और उन्हें बाहर भटकना नहीं पड़ेगा.

 

 

 

कौशल विकास और आईटीआई संस्थानों की स्थिति पर भी उन्होंने चिंता जताई. उन्होंने कहा कि राज्य के कई आईटीआई संस्थानों की हालत खराब है और छात्र कई तरह की परेशानियों का सामना कर रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि कौशल विकास की योजनाएं केवल कागजों पर चल रही हैं और जमीन पर उनका असर नहीं दिख रहा है.

 

उद्योग विभाग के बजट पर बोलते हुए उन्होंने 571.30 करोड़ रुपये के प्रावधान को अपर्याप्त बताया. उन्होंने कहा कि सरकार इज ऑफ डूइंग बिजनेस की बात करती है, लेकिन वास्तविकता में उद्यमियों को भ्रष्टाचार, गैंगस्टर और धमकियों जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है.

 

आलोक कुमार चौरसिया ने सरकार पर चुनावी वादे पूरे नहीं करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि हर साल लाखों नौकरियां देने और बेरोजगारी भत्ता देने का वादा किया गया था, लेकिन एक साल बीतने के बाद भी नियुक्तियां नहीं हो रही हैं. उन्होंने सरकार के घोषणापत्र को लुभावना और ठगने वाला बताया.

 

उन्होंने गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल विभाग की कार्यप्रणाली पर भी नाराजगी जताई. उन्होंने कहा कि कई जगह चापाकल और नल-कूप खराब पड़े हैं, लेकिन उन्हें ठीक कराने के लिए विभाग के पास पर्याप्त संसाधन नहीं हैं. साथ ही उन्होंने सड़कों की जर्जर स्थिति और विधायकों द्वारा अनुशंसित योजनाओं के धरातल पर नहीं उतरने का मुद्दा भी उठाया.

 

अंत में उन्होंने सरकार पर भ्रष्टाचार और लूट का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार के पास विकास का कोई स्पष्ट विजन नहीं है. उन्होंने सरकार से पलामू और गढ़वा जैसे जिलों में रोजगार और पेयजल व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने की मांग की.

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

 

 

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही