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ईरान के खार्ग द्वीप पर बमबारी, ट्रंप ने कहा, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से जाने वाले टैंकरों को सुरक्षा देंगे

रॉयटर्स ने इस बात पर मुहर लगाते हुए कहा कि अमेरिका ने 13 मार्च को खार्ग द्वीप पर सैन्य ठिकानों पर हमला किया, लेकिन तेल इंफ्रास्ट्रक्चर को छोड़ दिया गया. ट्रंप के हवाले से कहा कि यह जानबूझकर किया गया.
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  • द्ध शुरू होने के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से यातायात में 97 प्रतिशत तक गिरावट आयी है.
  • द्वीप के तेल इंफ्रास्ट्रक्चर को रणनीति के तहत छुआ तक नहीं गया.
  • ईरान के 90 प्रतिशत कच्चे तेल का निर्यात इसी द्वीप से किया जाता है.

 Washington :  ईरान-अमेरिका-इजरायल के बीच जारी युद्ध के बीच खबर आयी है कि अमेरिका ने ईरान के महत्वपूर्ण खार्ग द्वीप पर मौजूद सैन्य ठिकानों पर भीषण हमला किया है. हमला कल 13 मार्च को किया गया.

 

अहम बात यह रही कि द्वीप के तेल इंफ्रास्ट्रक्चर को रणनीति के तहत छुआ तक नहीं गया. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेताते हुए कहा कि यदि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जहाजों की आवाजाही रोकी गयी तो ईरान के सबसे महत्वपूर्ण तेल निर्यात केंद्र खार्ग द्वीप की तेल संरचना को नष्ट कर सकते हैं.

   

ट्रंप ने यह भी कहा है कि हवाई हमले में ईरान के सैन्य ठिकानों को पूरी तरह तबाह कर दिया है. कहा कि ईरान अब बुरी तरह कमजोर हो चुका है और समझौता चाहता है.

 

डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले तेल टैंकरों को जल्द ही अमेरिकी नौसेना की सुरक्षा दी जा सकती है. पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था बहुत जल्द शुरू की जा सकती है. 

 

डोनाल्ड ट्रंप ने उम्मीद जताई कि ईरान की होर्मुज स्ट्रेट को बंद करने की कोशिश से प्रभावित देश अमेरिका के साथ वॉरशिप भेजेंगे ताकि यह निश्र्चित हो सके की रास्ता (होर्मुज) खुला और सेफ रहे. 

 

ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने ईरान की 100 फीसदी सैन्य क्षमता खत्म कर दी है,उन्होंने चीन, फ्रांस, जापान, साउथ कोरिया और UK जैसे देशों से इस इलाके में सेना भेजने की अपील की.  

 

खबर है कि ईरान ने तुरंत इसका जवाब देते हुए कहा कि अगर उसके तेल ढांचे पर हमला किया गया तो वह अमेरिका से जुड़ी तेल और ऊर्जा सुविधाओं को राख के ढेर में तब्दील कर देगा.

 

रॉयटर्स ने इस बात पर मुहर लगाते हुए कहा कि अमेरिका ने 13 मार्च को खार्ग द्वीप पर सैन्य ठिकानों पर हमला किया, लेकिन तेल इंफ्रास्ट्रक्चर को छोड़ दिया गया. ट्रंप के हवाले से कहा कि यह जानबूझकर किया गया.

 

ईरान को चेताया कि अगर समुद्री रास्तों पर फ्री और सेफ पैसेज प्रभावित हुआ, तो तेल ढांचे पर हमला किया जा सकता है. रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार खार्ग द्वीप ईरान की तेल अर्थव्यवस्था की रीढ़ है.

 

ईरान के 90 प्रतिशत कच्चे तेल का निर्यात इसी द्वीप से किया जाता है. रॉयटर्स ने कहा कि संकट की जड़ स्ट्रेट ऑफ होर्मुज है, जहां से दुनिया का लगभग 20 प्रतिशत तेल पास होता है.

 

युद्ध शुरू होने के बाद यहां के यातायात में 97 प्रतिशत तक गिरावट आयी है. इस खबर के बीच कि ईरान द्वारा जलडमरूमध्य में बारूदी सुरंगें बिछायी गयी हैं, अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने यह कहा कि अभी स्पष्ट सबूत नहीं मिला है लेकिन समुद्री जोखिम और तनाव गंभीर बना हुआ है. 

 

 

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