Ranchi : स्टोन चिप्स के परिवहन में लगे एक ट्रक को गलत ढंग से जब्त करने से संबंधित मामले को झारखंड हाईकोर्ट ने गंभीरता से लिया है. कोर्ट ने छतरपुर पुलिस को प्रार्थी के ट्रक को अविलंब छोड़ने का निर्देश दिया. साथ ही सरकार पर 50 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है.
कोर्ट ने कहा कि जुर्माने की यह राशि डीएमओ पलामू की सैलरी से वसूली जाए. सरकार को जुर्माना की राशि 1 सप्ताह में प्रार्थी को देने का निर्देश दिया गया है. मामले की सुनवाई हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति आनंद सेन की कोर्ट में हुई. कोर्ट ने याचिका निष्पादित कर दी. प्रार्थी मेसर्स सिंह मर्चेंट की ओर से अधिवक्ता भरत कुमार ने पक्ष रखा.
कोर्ट के आदेश के आलोक में मामले की सुनवाई के दौरान सीईओ छतरपुर, थाना प्रभारी छतरपुर एवं डिस्टिक माइनिंग ऑफिसर (डीएमओ) पलामू कोर्ट में उपस्थित हुए. कोर्ट ने पूछा कि क्या वाहन पकड़े जाने संबंधित कोई केस किया गया है, जिस पर उनकी ओर से बताया गया कि इस संदर्भ में कोई केस दर्ज नहीं हुआ है. कोर्ट ने नाराजगी जताते हुए कहा कि प्रतीत होता है कि यह गलत मंशा से किया गया है या उन्हें कानून की जानकारी नहीं है.
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