Chatra News: जिले में उपायुक्त रवि आनंद के नाम एवं फोटो का इस्तेमाल कर कथित फर्जी WhatsApp अकाउंट संचालित किए जाने का मामला सामने आया है. मामले की जानकारी जिला प्रशासन के संज्ञान में आने के बाद आम लोगों को साइबर अपराध और फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट को लेकर सतर्क किया गया है.
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जिला प्रशासन के अनुसार, उक्त WhatsApp अकाउंट उपायुक्त अथवा जिला प्रशासन का आधिकारिक WhatsApp अकाउंट नहीं है. प्रशासन ने आमजनों से अपील की है कि उपायुक्त के नाम, फोटो या पहचान का इस्तेमाल करने वाले किसी भी संदिग्ध WhatsApp नंबर, सोशल मीडिया अकाउंट अथवा अन्य माध्यम से प्राप्त संदेश और कॉल पर बिना सत्यापन भरोसा न करें.
आर्थिक लेन-देन से बचनें की अपील
जिला प्रशासन ने लोगों को विशेष रूप से आगाह किया है कि संदिग्ध अकाउंट से यदि किसी प्रकार के पैसे भेजने, बैंक संबंधी जानकारी, OTP, पासवर्ड अथवा अन्य व्यक्तिगत जानकारी मांगी जाती है, तो उसे किसी भी परिस्थिति में साझा न करें. किसी भी अनुरोध पर पहले संबंधित प्रशासनिक माध्यम से उसकी सत्यता की पुष्टि करें.
संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल दें सूचना
जिला प्रशासन ने कहा है कि यदि किसी व्यक्ति को उपायुक्त के नाम या फोटो का उपयोग कर संचालित किसी संदिग्ध अकाउंट से संदेश, कॉल या अन्य गतिविधि प्राप्त होती है, तो इसकी सूचना तत्काल स्थानीय थाना अथवा जिला प्रशासन को दें, ताकि मामले में आवश्यक विधिसम्मत कार्रवाई की जा सके.
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आधिकारिक सूचनाएं, प्रशासनिक निर्देश एवं जनहित से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी केवल अधिकृत प्रशासनिक माध्यमों और आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से ही प्रसारित की जाती है.
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे साइबर ठगी के नए तरीकों के प्रति जागरूक रहें और किसी भी संदिग्ध WhatsApp अकाउंट, सोशल मीडिया प्रोफाइल, कॉल या संदेश के झांसे में आने से बचें. इस बाबत जिला सूचना जनसंपर्क कार्यालय द्वारा संदेश जारी कर लोगों को अलर्ट किया गया है.
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