Dhanbad News : विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर बीएसएस महिला कॉलेज की छात्राओं ने राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के तहत जागरूकता यात्रा निकाली. यात्रा के माध्यम से लोगों को तंबाकू और नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया गया.
नशा न सिर्फ इंसान की सेहत को नुकसान पहुंचाता है बल्कि उसके सपनों और भविष्य को भी अंधकार में धकेल देता है. स्वस्थ समाज के निर्माण और राष्ट्र के विकास के लिए युवाओं का नशे से दूर रहना बेहद जरूरी है.
इस अवसर पर कॉलेज की प्रधानाचार्य डॉ. करुणा और एनएसएस सदस्य अमीषा सिंह ने कहा कि आज के युवाओं को यह समझना जरूरी है कि नशा उनकी जिंदगी को बर्बाद करने के साथ भविष्य में कई गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है. नशे की लत युवाओं की ऊर्जा, क्षमता और उनके सुनहरे भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालती है.
उन्होंने कहा कि स्वस्थ समाज से ही देश और राष्ट्र का विकास संभव है.जिस युवा समाज के पास कोई लक्ष्य नहीं होता उसके लिए प्रगति की राह कठिन हो जाती है. युवा देश की सबसे बड़ी ताकत हैं. यदि युवा नशे से दूर रहकर अपने लक्ष्य को निर्धारित करें और उसे हासिल करने के लिए मेहनत करें तो वे न केवल अपना भविष्य संवार सकते हैं बल्कि राष्ट्र के विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं.
डॉ. करुणा ने युवाओं से नशे को स्पष्ट रूप से ना कहने की अपील की. उन्होंने कहा कि युवा अपने जीवन में एक निश्चित लक्ष्य निर्धारित करें और दूसरों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करें. जागरूकता और सकारात्मक सोच के माध्यम से ही नशामुक्त समाज का निर्माण किया जा सकता है.
कॉलेज की छात्राओं की इस पहल का उद्देश्य समाज में नशे के खिलाफ जागरूकता बढ़ाना और युवाओं को स्वस्थ व जिम्मेदार जीवन जीने के लिए प्रेरित करना रहा.

